शुक्रवार को भारतीय बाजार में जोरदार रिकवरी देखने को मिली। Nifty 50 ने **25,000** का अहम आंकड़ा पार कर लिया है, जबकि Sensex **1,718** अंकों की छलांग के साथ बंद हुआ। विदेशी निवेशकों की भारी खरीदारी और लार्ज-कैप प्राइवेट बैंकों में तेजी ने घरेलू मार्केट को ग्लोबल मार्केट की सुस्ती से अलग रखा।
शुक्रवार, 6 नवंबर 2026 को भारतीय बाजार ने एक बड़ी गिरावट के बाद शानदार वापसी की है। सेंसेक्स 80,000 के स्तर को पार करते हुए 1,718 अंक ऊपर बंद हुआ, वहीं निफ्टी ने 25,000 के मनोवैज्ञानिक स्तर को फिर से हासिल कर लिया है।
प्राइवेट बैंकों का दम
मार्केट में यह तेजी मुख्य रूप से लार्ज-कैप प्राइवेट बैंकों की बदौलत आई है। निवेशकों ने अनिश्चितता के माहौल में सुरक्षा के लिए ICICI Bank और HDFC Bank जैसे दिग्गज शेयरों पर दांव लगाया। इसके अलावा, Mahindra & Mahindra के शेयरों में भी 4% से अधिक की तेजी दिखी, जिसका कारण कंपनी का दूसरी तिमाही का नेट प्रॉफिट 25% बढ़कर आना रहा।
ग्लोबल मार्केट से उलट तस्वीर
जहां अमेरिका समेत दुनिया भर के बाजारों में टेक शेयरों में बिकवाली का दबाव था, वहीं दलाल स्ट्रीट (Dalal Street) ने मजबूती दिखाई। विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने पिछले कारोबारी दिन करीब ₹14,974 करोड़ की खरीदारी की, जिसने बाजार को गिरने से बचा लिया।
सतर्क रहने की सलाह
बाजार की तेजी के बीच India VIX का 16.75 से 17.66 के दायरे में पहुंचना यह बताता है कि निवेशकों को अभी भी डर सता रहा है। जहां बड़े शेयर दौड़ रहे हैं, वहीं Nifty Smallcap 100 इंडेक्स लाल निशान में बंद हुआ, जो बताता है कि तेजी फिलहाल सिर्फ बड़े शेयरों तक सीमित है। अब निवेशकों की नजर अमेरिकी रोजगार के आंकड़ों और कच्चे तेल की कीमतों पर रहेगी, जो आने वाले सत्रों में बाजार की दिशा तय करेंगे।
