RBI की मंजूरी से Sammaan Capital में आई ₹8,850 करोड़ की बहार
भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने Avenir Investment RSC Ltd द्वारा Sammaan Capital में ₹8,850 करोड़ के विदेशी निवेश को हरी झंडी दे दी है। इस बड़ी खबर का असर कंपनी के शेयरों पर तुरंत देखने को मिला। 25 मार्च 2026 को Sammaan Capital के शेयर 12% का तूफानी उछाल भरकर ₹152.20 के स्तर पर पहुंच गए। इस दौरान ट्रेडिंग वॉल्यूम सामान्य से दोगुना से भी ज्यादा रहा, जिसमें 4.5 करोड़ शेयर ट्रेड हुए। शेयर बाजार में BSE Sensex में 1.4% की बढ़त दर्ज की गई, लेकिन Sammaan Capital का प्रदर्शन इससे काफी आगे रहा।
कंट्रोल बदलेगा, फाइनेंसियल स्थिति होगी मजबूत
इस शानदार उछाल की मुख्य वजह रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) का वो फैसला है, जिसने Avenir Investment RSC Ltd (जो International Holding Company - IHC का हिस्सा है) द्वारा ₹8,850 करोड़ के इनवेस्टमेंट को हरी झंडी दे दी है। यह डील Preferential Issue के तहत होनी है और इसके पूरा होने पर Sammaan Capital की ऑनरशिप (Ownership) और फाइनेंसियल स्ट्रक्चर में बड़ा बदलाव आएगा। RBI ने Sammaan Capital और इसकी सब्सिडियरी Indiabulls Commercial Credit Ltd (ICCL) में कंट्रोल बदलने की मंजूरी के साथ पब्लिक नोटिस रूल्स में छूट भी दी है।
SEBI और CCI से अंतिम मंजूरी का इंतजार
यह डील Sammaan Capital के बोर्ड ने 2 अक्टूबर 2025 को ही मंजूर कर ली थी। अब RBI की मंजूरी के बाद, यह डील SEBI (Securities and Exchange Board of India) और CCI (Competition Commission of India) से अंतिम मंजूरी मिलने पर ही पूरी होगी। डील फाइनल होने के बाद, Avenir का Sammaan Capital में करीब 41.23% स्टेक होने का अनुमान है, जो बाद में Open Offer के ज़रिए बढ़कर लगभग 63.36% तक जा सकता है।
लोन देने की क्षमता बढ़ेगी, रेटिंग एजेंसियों का रुख पॉजिटिव
31 दिसंबर 2025 तक ₹64,200 करोड़ के एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) वाली Sammaan Capital को इस इनवेस्टमेंट से काफी फाइनेंशियल मजबूती मिलेगी। उम्मीद है कि यह कैपिटल कंपनी को अफोर्डेबल होम लोन और MSME फाइनेंसिंग के लिए अधिक फंड उपलब्ध कराने में मदद करेगा। ब्रोकरेज हाउसेज का मानना है कि IHC का सपोर्ट कंपनी के लिए बड़ा बूस्ट साबित होगा। Crisil Ratings और CareEdge Ratings जैसी एजेंसियां भी इस डील को पॉजिटिव नजरिए से देख रही हैं और आगे बिजनेस प्लान्स और स्ट्रैटेजिक सपोर्ट पर बारीकी से नजर रखेंगी।
वैल्यूएशन पर उठ रहे सवाल
हालांकि, इस बड़े इनवेस्टमेंट और कंट्रोल में बदलाव को लेकर कंपनी के वैल्यूएशन (Valuation) पर सवाल भी उठ रहे हैं। 24 मार्च 2026 तक कंपनी का पी/ई रेश्यो (P/E Ratio) 8.95x और मार्केट कैप लगभग ₹11,465 करोड़ था। यह वैल्यूएशन भारत के कई स्थापित मॉर्गेज फाइनेंस फर्मों की तुलना में कम है, जिनकी मार्केट कैप ₹50,000 करोड़ से ₹1.5 लाख करोड़ तक होती है और पी/ई रेश्यो 15x से 30x तक। एनालिस्ट्स अब इस प्रेफरेंशियल इश्यू प्राइस की तुलना बुक वैल्यू और भविष्य की कमाई से करेंगे। IHC की ग्लोबल स्ट्रैटेजी को Sammaan Capital के डोमेस्टिक ऑपरेशंस के साथ इंटीग्रेट करना एक बड़ी चुनौती हो सकती है।
एनालिस्ट्स की सतर्कता और आगे की राह
डील को SEBI और CCI से मिलने वाली मंजूरी में देरी या कोई शर्त भी एक रिस्क फैक्टर है। Crisil Ratings ने Sammaan Capital की रेटिंग को वॉच पर रखा है, ताकि IHC के अंतिम लक्ष्य, शेयरहोल्डिंग पैटर्न और ब्रांड में बदलाव जैसी जानकारियों को स्पष्ट किया जा सके। IHC के ग्लोबल ऑपरेशंस और Sammaan Capital के मौजूदा मॉडल के बीच ऑपरेशनल तालमेल (Operational Alignment) बेहद अहम होगा, क्योंकि अलग-अलग स्ट्रैटेजी बिजनेस को प्रभावित कर सकती हैं। कुछ एनालिस्ट्स ने Q4 2025 की रिपोर्ट्स के आधार पर ₹170 के टारगेट प्राइस के साथ 'होल्ड' रेटिंग दी थी, जो कि क्लियरेंस और अर्निंग्स ग्रोथ पर निर्भर करेगा। कंपनी का भविष्य इस बात पर टिका है कि वो रेगुलेटरी अप्रूवल हासिल कर पाती है या नहीं और IHC के कैपिटल व स्ट्रैटेजी को कितनी अच्छी तरह इंटीग्रेट कर पाती है।