NPA की छुट्टी और कैपिटल इनफ्यूजन से शेयर में तेजी
Sammaan Capital के शेयर में आज ₹158 का इंट्रा-डे हाई देखने को मिला। इसकी सबसे बड़ी वजह Q4FY26 के नतीजे आने के बाद इंटरनेशनल होल्डिंग कंपनी (IHC) ग्रुप से हुआ बड़ा निवेश है। इस पैसे से कंपनी ने अपने पुराने स्ट्रेस्ड एसेट्स को पूरी तरह से प्रोविजन कर राइट-ऑफ कर दिया, जिसके चलते मार्च के अंत तक ग्रॉस और नेट NPA दोनों जीरो हो गए।
यह सब तब हुआ जब कंपनी को तिमाही में ₹8,101.4 करोड़ का बड़ा नेट लॉस हुआ। लेकिन निवेशकों ने NPA खत्म होने को भविष्य की स्थिरता और ग्रोथ के लिए एक अहम कदम माना। कंपनी की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) में 92% की भारी गिरावट आई और यह ₹1,057.2 करोड़ से घटकर ₹84.3 करोड़ रह गई। फाइनेंशियल इंस्ट्रूमेंट्स पर भारी इम्पेयरमेंट चार्ज और कुछ अन्य खास वजहों से भी तिमाही घाटे में योगदान रहा।
क्रेडिट प्रोफाइल सुधरा, अब एक्सपेंशन की तैयारी
IHC के निवेश से Sammaan Capital का क्रेडिट प्रोफाइल काफी मजबूत हुआ है। तीनों बड़ी डोमेस्टिक रेटिंग एजेंसियों ने कंपनी की रेटिंग को 'AA+' तक बढ़ा दिया है, जिससे फंड की लागत (cost of funds) कम होने की उम्मीद है। मैनेजमेंट का मानना है कि फंड की लागत में शुरुआत में 160 बेसिस पॉइंट की कमी आ सकती है, और रेटिंग और मजबूत होने पर इसमें 270 बेसिस पॉइंट तक की और कमी आ सकती है।
इससे कंपनी को एक्सपेंशन के लिए आसानी से कैपिटल मिल सकेगा। Sammaan Capital की अगले 2-3 सालों में मॉर्गेज प्रोडक्ट्स के जरिए होने वाली लेंडिंग को कुल लेंडिंग का करीब 80% तक पहुंचाने की योजना है। वहीं, FY2030 तक कंपनी मॉर्गेज-बैक्ड और नॉन-मॉर्गेज लेंडिंग के बीच एक बैलेंस्ड पोर्टफोलियो बनाने का लक्ष्य रखती है। इसके अलावा, गोल्ड लोन, बिजनेस लोन, पर्सनल लोन, अनसिक्योर्ड रिटेल लेंडिंग और सिक्योरिटीज के अगेंस्ट लोन जैसे नए क्षेत्रों में भी विस्तार की तैयारी है।
कंपनी की लिक्विडिटी भी मजबूत बनी हुई है। कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो (CAR) 20.3% और लिक्विडिटी कवरेज रेशियो (LCR) 139% है, जो रेगुलेटरी रिक्वायरमेंट्स से काफी ऊपर हैं।
चुनौतियां भी कम नहीं
NPA खत्म होने की खबर से भले ही बाजार उत्साहित हो, लेकिन Q4FY26 में ₹8,100 करोड़ से ज्यादा का भारी-भरकम नेट लॉस यह दिखाता है कि कंपनी की प्रॉफिटेबिलिटी को लेकर अभी भी चिंताएं हैं। नेट इंटरेस्ट इनकम में 92% की बड़ी गिरावट यह सवाल खड़े करती है कि क्या कंपनी का मुख्य लेंडिंग बिजनेस ऑपरेशनल तौर पर उतना मजबूत है।
इसके अलावा, अनसिक्योर्ड रिटेल और पर्सनल लोन जैसे ज्यादा रिस्क वाले सेक्टर्स में उतरने से नए क्रेडिट रिस्क पैदा हो सकते हैं। ऐसे में, स्टेबल रेवेन्यू स्ट्रीम्स और कम लीवरेज वाले कॉम्पिटीटर्स निकट भविष्य में ज्यादा बेहतर निवेश विकल्प साबित हो सकते हैं। केवल एक बड़े कैपिटल इनफ्यूजन पर निर्भर रहना भी एक कमजोरी साबित हो सकती है, अगर आक्रामक विस्तार के दौरान अंडरराइटिंग स्टैंडर्ड्स कमजोर पड़ते हैं।
आगे क्या?
Sammaan Capital के लिए अब सबसे अहम है कि वह अपने सुधरे हुए क्रेडिट प्रोफाइल का इस्तेमाल करके फंड की लागत कम करे और अपने डायवर्सिफिकेशन प्लान को आगे बढ़ाए। नए लेंडिंग सेगमेंट्स का सफल इंटीग्रेशन और मॉर्गेज प्रोडक्ट्स में लगातार ग्रोथ कंपनी की लंबी अवधि की सफलता के प्रमुख इंडिकेटर होंगे। अगर मैनेजमेंट का फंड की लागत कम होने का अनुमान सही साबित होता है, तो आने वाले फाइनेंशियल इयर्स में नेट इंटरेस्ट मार्जिन सुधर सकते हैं। एनालिस्ट्स की नजरें अब कंपनी के महत्वाकांक्षी ग्रोथ और डायवर्सिफिकेशन प्लान्स के एग्जीक्यूशन रिस्क पर होंगी।
