State Bank of India (SBI) ने 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त तिमाही और नौ महीनों के लिए अपने वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। इन नतीजों में परिचालन में स्थिर वृद्धि के साथ-साथ कुछ बड़े एकमुश्त फायदों का भी ज़िक्र है।
📊 नतीजों का पूरा लेखा-जोखा
- स्टैंडअलोन परफॉरमेंस: Q3 FY26 में कुल आय (Total Income) सालाना आधार पर 4.39% बढ़कर ₹1,40,914.55 करोड़ रही। प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में 4.30% की सालाना बढ़त दर्ज की गई, जो ₹21,028.15 करोड़ तक पहुंच गया। वहीं, नौ महीनों की अवधि के लिए, स्टैंडअलोन PAT में 15.48% की मज़बूत सालाना वृद्धि के साथ ₹60,348.26 करोड़ का आंकड़ा पार किया।
- कंसोलिडेटेड परफॉरमेंस: Q3 FY26 में कुल आय सालाना आधार पर 5.50% बढ़कर ₹1,85,648.33 करोड़ दर्ज की गई। हालांकि, कंसोलिडेटेड PAT में 1.73% की मामूली सालाना बढ़त के साथ ₹21,876.04 करोड़ का आंकड़ा छुआ। नौ महीनों के लिए, कंसोलिडेटेड PAT 10.04% सालाना बढ़कर ₹65,007.17 करोड़ रहा।
- ईपीएस (EPS): स्टैंडअलोन बेसिक और डाइल्यूटेड ईपीएस Q3 FY26 के लिए पिछले साल के ₹22.00 की तुलना में बढ़कर ₹22.78 रहा। कंसोलिडेटेड ईपीएस ₹23.09 था, जो ₹22.81 से मामूली बढ़ोतरी है।
💡 मुनाफे की क्वालिटी और खास मदें
हालांकि राजस्व और PAT में सालाना आधार पर वृद्धि देखी गई है, Q3 FY26 में प्रॉफिट ग्रोथ की क्वालिटी पर महत्वपूर्ण एकमुश्त (exceptional) मदों का असर साफ दिख रहा है। Yes Bank Limited में SBI की इक्विटी हिस्सेदारी बेचने से ₹3,026.57 करोड़ का ज़बरदस्त मुनाफा हुआ, जिसे एक खास मद (exceptional item) के तौर पर दर्ज किया गया। इसके अतिरिक्त, Jio Payments Bank Ltd. में अपनी पूरी हिस्सेदारी बेचने से भी ₹25.46 करोड़ का फायदा हुआ। फ्रीहोल्ड अचल संपत्तियों के री-वैल्यूएशन से ₹7,288.81 करोड़ का अतिरिक्त लाभ रीवैल्यूएशन रिजर्व में जुड़ा। ये सभी एकमुश्त (one-off) आय रिपोर्ट किए गए PAT में बड़ा इजाफा करने वाली साबित हुईं।
Q3 FY26 में स्टैंडअलोन PAT मार्जिन में सालाना आधार पर मामूली कमी देखी गई। फिक्स्ड एसेट्स में लगभग 23.12% का सालाना इजाफा हुआ है, जो इंफ्रास्ट्रक्चर में बैंक के निवेश को दर्शाता है।
🚦 मैनेजमेंट का रुख और भविष्य की राह
जारी किए गए वित्तीय नतीजों वाले दस्तावेज़ में मैनेजमेंट की ओर से भविष्य के लिए कोई गाइडेंस (guidance) या आउटलुक कमेंट्री (outlook commentary) प्रदान नहीं की गई है। मार्गदर्शन की इस अनुपस्थिति के कारण निवेशकों को मौजूदा ट्रेंड्स और व्यापक आर्थिक संकेतकों के आधार पर ही भविष्य के प्रदर्शन का अनुमान लगाना होगा।
⚠️ जोखिम और आउटलुक
मैनेजमेंट के मार्गदर्शन के अभाव में, निकट अवधि के आउटलुक का आकलन करना एक चुनौती है। निवेशकों को बैंक की एसेट क्वालिटी, अस्थिर ब्याज दरों वाले माहौल में नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIMs) और बड़े एकमुश्त फायदों के बिना ग्रोथ बनाए रखने की क्षमता पर बारीकी से नज़र रखनी होगी। हालांकि, बैंक का मजबूत नेट वर्थ ₹4,73,674.72 करोड़ और 14.07% का कैपिटल एडिक्वेसी रेश्यो (CAR) (जिसमें CET 1 रेश्यो 10.99% है) एक मज़बूत कैपिटल बफर प्रदान करता है। 75.54% के प्रोविजन कवरेज रेश्यो (PCR) से संभावित लोन हानियों के लिए पर्याप्त प्रोविजनिंग का संकेत मिलता है।