State Bank of India (SBI) के करीब 3.75 लाख ग्राहकों का डेटा लीक होने की खबर सामने आई है। एक अज्ञात हैकिंग ग्रुप ने यह दावा किया है, हालांकि बैंक की ओर से अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
क्या है पूरा मामला?
'Siriusim' नाम के एक अज्ञात हैकिंग ग्रुप ने सार्वजनिक रूप से दावा किया है कि उनके पास State Bank of India (SBI) के लगभग 3,75,000 ग्राहकों का संवेदनशील डेटा मौजूद है। ग्रुप के मुताबिक, उनके पास 2,700 से अधिक PDF फाइलें हैं, जिनमें लोन एप्लीकेशन, अकाउंट ओपनिंग फॉर्म और ग्राहकों के पते जैसी निजी जानकारियां शामिल हैं। फिलहाल ये सभी दावे अनवेरिफाइड (Unverified) हैं और बैंक की ओर से सुरक्षा में किसी भी तरह की चूक की पुष्टि नहीं की गई है।
क्यों है यह चिंता की बात?
डिजिटल बैंकिंग के दौर में बैंक के लिए डेटा की सुरक्षा सबसे अहम पिलर है। Reserve Bank of India (RBI) ने डेटा प्राइवेसी और साइबर सिक्योरिटी को लेकर बेहद सख्त नियम बना रखे हैं। यदि यह दावा सही साबित होता है, तो बैंक की साख पर सवाल उठ सकते हैं और रेगुलेटर की ओर से कड़ी जांच या पेनल्टी का सामना करना पड़ सकता है।
निवेशकों के लिए सलाह
निवेशकों को इस मामले में पैनिक होने की बजाय बैंक के आधिकारिक बयानों और एक्सचेंज फाइलिंग पर नजर रखनी चाहिए। किसी भी बड़ी बैंकिंग संस्था के लिए ऐसे साइबर सिक्योरिटी मुद्दे परिचालन पर असर डाल सकते हैं। मार्केट के जानकारों का मानना है कि निवेशकों को मैनेजमेंट की ओर से आने वाली कमेंट्री का इंतजार करना चाहिए, जिससे यह साफ हो सके कि बैंक की इंटरनल ऑडिट और सिक्योरिटी सिस्टम फिलहाल किस स्थिति में हैं।
