Reserve Bank of India (RBI) ने Puducherry Co-operative Urban Bank पर कड़े प्रतिबंध लगा दिए हैं। लिक्विडिटी और गवर्नेंस के मुद्दों के कारण अगले **6 महीने** तक ग्राहक अपने अकाउंट से केवल **₹5,000** ही निकाल सकेंगे।
RBI की बड़ी कार्रवाई
Reserve Bank of India ने 21 अक्टूबर, 2026 से Puducherry Co-operative Urban Bank पर सख्त रेगुलेटरी दिशा-निर्देश लागू कर दिए हैं। सेंट्रल बैंक की निगरानी अब अगले 6 महीनों तक जारी रहेगी। इस दौरान बैंक न तो कोई नया लोन दे पाएगा और न ही आरबीआई की पूर्व अनुमति के बिना अपनी किसी भी संपत्ति को बेच पाएगा या उसमें निवेश कर पाएगा।
क्यों लिया गया ये फैसला?
यह फैसला अचानक नहीं लिया गया है। बैंक के बोर्ड और सेंट्रल बैंक के बीच लंबे समय से बातचीत चल रही थी। आरबीआई ने पहले भी बैंक के कामकाज के तौर-तरीकों और फाइनेंशियल स्टेबिलिटी को लेकर चिंता जताई थी। बैंक मैनेजमेंट द्वारा जरूरी सुधारात्मक कदम न उठाए जाने के कारण लिक्विडिटी का संकट गहरा गया, जिसके बाद रेगुलेटर को यह सख्त कदम उठाना पड़ा।
ग्राहकों के लिए सुरक्षा का कवच
बैंक का लाइसेंस रद्द नहीं किया गया है, यानी बैंक सीमित बैंकिंग सेवाओं के साथ चालू रहेगा। डिपॉजिटर्स को घबराने की जरूरत नहीं है क्योंकि सरकार की Deposit Insurance and Credit Guarantee Corporation (DICGC) स्कीम के तहत, पात्र जमाकर्ताओं को ₹5 लाख तक की सुरक्षा मिलती है। बैंक का भविष्य अब उसकी रिकवरी और बैलेंस शीट को सुधारने की क्षमता पर निर्भर करेगा।
