PhonePe ने अब बिना इंटरनेट के फीचर फोन पर UPI 123Pay की सुविधा शुरू कर दी है। ग्रामीण बाजार में पैठ जमाने की इस कोशिश के बीच कंपनी का फाइनेंशियल ईयर 2026 का रिपोर्ट कार्ड सामने आया है, जिसमें **11.5%** की रेवेन्यू ग्रोथ के बावजूद कंपनी को **₹2,792 करोड़** का बड़ा नुकसान हुआ है और IPO फिलहाल टाल दिया गया है।
बिना इंटरनेट डिजिटल पेमेंट की तैयारी
PhonePe ने UPI 123Pay सर्विस पेश की है, जो उन करोड़ों यूजर्स के लिए है जिनके पास स्मार्टफोन नहीं है या इंटरनेट की समस्या रहती है। यह सिस्टम SMS और वॉयस कमांड पर काम करता है। कंपनी ने Nokia, Lava, HMD और Itel जैसे ब्रांड्स के साथ साझेदारी की है और Gupshup के GSPay स्टैक का उपयोग कर इसे इंटीग्रेट किया है।
फाइनेंशियल हेल्थ का हाल
कंपनी के फाइनेंशियल ईयर 2026 के आंकड़ों पर नजर डालें, तो ऑपरेटिंग रेवेन्यू ₹7,920 करोड़ रहा है, जो पिछले साल के मुकाबले 11.5% ज्यादा है। हालांकि, नेट लॉस ₹2,792 करोड़ तक पहुंच गया है। इस बढ़ते घाटे के पीछे रियल-मनी गेमिंग पर पाबंदियां और रेंट पेमेंट जैसी कुछ कैटेगरी का बंद होना मुख्य वजहें बताई जा रही हैं।
IPO और रेगुलेटरी चुनौतियां
Walmart की मालिकाना हक वाली PhonePe पर मार्केट शेयर को लेकर रेगुलेटरी दबाव भी बना हुआ है। जहां SEBI से IPO के लिए मंजूरी मिल चुकी थी, वहीं मैनेजमेंट ने मार्केट में चल रही अस्थिरता और जियोपॉलिटिकल हालातों का हवाला देते हुए फिलहाल लिस्टिंग के प्लान को ठंडे बस्ते में डाल दिया है। आने वाले समय में निवेशकों की नजर इस बात पर रहेगी कि कंपनी कैसे फीचर फोन यूजर्स से होने वाले ट्रांजेक्शन को मुनाफे में बदलती है और अपने बढ़ते घाटे को कैसे कंट्रोल करती है।
