Paytm और MobiKwik में तूफानी तेजी! UPI ट्रांजैक्शंस पर नए शुल्क का हुआ ऐलान

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Paytm और MobiKwik में तूफानी तेजी! UPI ट्रांजैक्शंस पर नए शुल्क का हुआ ऐलान

सरकार और NPCI के फैसले से फिनटेक शेयरों में रौनक है। अब **₹2,000** से ज्यादा के UPI ट्रांजैक्शंस पर **0.4%** का मर्चेंट डिस्काउंट रेट लगेगा, जिससे इन कंपनियों के लिए कमाई के नए रास्ते खुल गए हैं।

भारतीय डिजिटल पेमेंट सेक्टर के लिए एक बड़े बदलाव का दौर शुरू हो गया है। NPCI ने ऐलान किया है कि 15 अक्टूबर, 2026 से ₹2,000 से अधिक के पर्सन-टू-मर्चेंट (P2M) ट्रांजैक्शंस पर 0.4% का मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) वसूला जाएगा।

कमाई का नया जरिया

इस खबर के बाद One97 Communications (Paytm) और MobiKwik के शेयरों में जबरदस्त हलचल देखी गई। सालों से डिजिटल पेमेंट सेक्टर 'जीरो-फी' मॉडल पर चल रहा था, जिससे कंपनियों की कमाई सीमित थी। अब इस नए स्ट्रक्चर से निवेशकों को उम्मीद है कि कंपनियों का नेट प्रॉफिट और फाइनेंशियल सस्टेनेबिलिटी में सुधार आएगा।

क्या हैं नियम?

नियमों के मुताबिक, ₹75,000 से ज्यादा के ट्रांजैक्शन पर अधिकतम शुल्क ₹300 प्रति ट्रांजैक्शन तय किया गया है। राहत की बात यह है कि पर्सन-टू-पर्सन (P2P) ट्रांसफर पूरी तरह फ्री रहेंगे। साथ ही, छोटे मर्चेंट जिनकी मासिक आमदनी QR कोड के जरिए ₹1 लाख से कम है, उन्हें इस शुल्क से पूरी तरह छूट दी गई है।

जोखिम और चुनौतियां

हालांकि बाजार उत्साहित है, लेकिन कुछ चुनौतियां भी हैं। सबसे बड़ा रिस्क यह है कि क्या मर्चेंट इस लागत का बोझ ग्राहकों पर डालेंगे? इसके अलावा, निवेशकों की नजर इस बात पर है कि कहीं शुल्क लगने से UPI ट्रांजैक्शंस की वॉल्यूम पर कोई असर न पड़े। Pine Labs जैसे अन्य खिलाड़ी भी इस मार्केट में हैं, लेकिन नई पॉलिसी का फायदा किसे कितना मिलेगा, यह आने वाला वक्त ही बताएगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.