डिजिटल लेंडर Kissht की पैरेंट कंपनी OnEMI Technology Solutions ने फंड जुटाने का बड़ा ऐलान किया है। कंपनी **17 सितंबर** को बोर्ड मीटिंग में नए प्रस्तावों पर चर्चा करेगी। मई **2026** में आए IPO के बाद से ही स्टॉक में जबरदस्त तेजी रही है, लेकिन अब नए फंड जुटाने की खबरों से निवेशक थोड़े सतर्क हैं।
फंड जुटाने की क्या है वजह?
कंपनी ने फंड जुटाने का रास्ता साफ कर दिया है। 17 सितंबर 2026 को होने वाली बोर्ड मीटिंग में इक्विटी शेयर, वारंट या अन्य कन्वर्टिबल इंस्ट्रूमेंट्स के जरिए पूंजी जुटाने पर मुहर लग सकती है। यह कदम ऐसे समय में उठाया गया है जब कंपनी का बिजनेस तेजी से विस्तार कर रहा है।
शानदार फाइनेंशियल परफॉर्मेंस
कंपनी के हालिया आंकड़े काफी मजबूत रहे हैं। जून 2026 के अंत तक कंपनी का एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) ₹8,001 करोड़ तक पहुंच गया, जिसमें सालाना आधार पर 61% की भारी बढ़ोतरी देखी गई है। फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू ₹670 करोड़ रहा और नेट प्रॉफिट 58% बढ़कर ₹95 करोड़ पर पहुंच गया है।
निवेशकों के लिए डाइल्यूशन का जोखिम
मई 2026 में ₹850 करोड़ के IPO के जरिए बाजार में कदम रखने वाली इस कंपनी का स्टॉक ₹171 के इश्यू प्राइस से बढ़कर ₹330-340 के स्तर तक पहुंच चुका है। हालांकि, नए फंड जुटाने की खबर के साथ ही मौजूदा निवेशकों के मन में 'डाइल्यूशन' (Dilution) की चिंता है। जब भी कंपनी नए शेयर जारी करती है, तो पुराने शेयरधारकों की हिस्सेदारी का प्रतिशत कम हो जाता है।
आगे क्या?
अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि कंपनी इस फंड का इस्तेमाल लोन बुक के विस्तार के लिए करेगी या बैलेंस शीट को और मजबूत बनाने के लिए। फिलहाल, संवेदनशील घोषणाओं को देखते हुए कंपनी ने डेजिग्नेटेड व्यक्तियों के लिए ट्रेडिंग विंडो 48 घंटे के लिए बंद कर दी है।
