Nazara Technologies ने ₹733.5 करोड़ जुटाए हैं। ये फंड्स प्रेफरेंशियल इश्यू के ज़रिए आए हैं, जहाँ प्रति शेयर **₹306** का भाव रहा। खास बात ये है कि कंपनी के नए CEO रेमंड स्टॉफर ने अकेले **₹583 करोड़** का निवेश किया है। इस पैसे का इस्तेमाल कंपनी ग्लोबल गेमिंग में अपनी पकड़ मजबूत करने और AI डेवलपमेंट पर करेगी। यह कदम ऐसे वक्त में आया है जब कंपनी ने हाल ही में तिमाही में घाटा दर्ज किया था और अपने एक्विजिशन को ऑल-कैश डील में बदला था।
Nazara Technologies जुटाएगी ₹733.5 करोड़
Nazara Technologies के बोर्ड ने प्रेफरेंशियल इश्यू के ज़रिए 2.39 करोड़ इक्विटी शेयर्स जारी करके ₹733.5 करोड़ जुटाने को हरी झंडी दे दी है। ये शेयर्स ₹306 प्रति शेयर के भाव पर इश्यू किए जाएंगे। इस कदम का मुख्य उद्देश्य कंपनी की कैपिटल को मजबूत करना है ताकि वह ग्लोबल गेमिंग में अपनी पैठ बढ़ा सके।
नए CEO का बड़ा भरोसा
इस फंड जुटाने की कवायद में कंपनी के आने वाले लीडरशिप का बड़ा भरोसा दिखा है। रेमंड स्टॉफर, जो 1 सितंबर, 2026 को CEO का पद संभालने वाले हैं, अकेले ₹583 करोड़ का निवेश कर रहे हैं। इस निवेश के बाद वह कंपनी में 4.67% की हिस्सेदारी रखेंगे। उनके अलावा Bluetile और BestPlay की लीडरशिप टीमों से जुड़े निवेशक भी इस राउंड में शामिल हैं। स्टॉफर ने कहा कि वह इन एंटिटीज की बिक्री से मिले मुनाफे का एक बड़ा हिस्सा Nazara में री-इन्वेस्ट कर रहे हैं, जो कंपनी के प्लेटफॉर्म में उनके विश्वास को दर्शाता है।
कहां जाएगा यह पैसा?
कंपनी इस नई पूंजी का इस्तेमाल स्ट्रेटेजिक एक्विजिशन (strategic acquisitions), नई इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी (intellectual properties) बनाने और AI-इनेबल्ड गेम डेवलपमेंट क्षमताओं (AI-enabled game development capabilities) को बेहतर बनाने के लिए करेगी। यह रणनीति Nazara की ग्लोबल गेमिंग मार्केट में मौजूदगी बढ़ाने के व्यापक प्लान का हिस्सा है।
निवेशकों की पैनी नज़र
इन विस्तार योजनाओं के साथ-साथ निवेशक कंपनी के फाइनेंशियल परफॉरमेंस पर भी कड़ी नज़र रखे हुए हैं। फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में, Nazara ने ₹82.5 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट लॉस (consolidated net loss) दर्ज किया था। इसके अलावा, कंपनी अपनी ग्रोथ स्ट्रेटेजी में भी बदलाव कर रही है, जिसके तहत Bluetile और BestPlay के एक्विजिशन को 303 मिलियन USD के ऑल-कैश डील में बदला गया है। इस बड़े कैश की जरूरत को देखते हुए, नई पूंजी कंपनी की योजनाओं को पूरा करने के लिए जरूरी लिक्विडिटी (liquidity) प्रदान करेगी।
आगे क्या?
शेयरों की संख्या में बढ़ोतरी को समायोजित करने के लिए, कंपनी ने अपने ऑथराइज्ड शेयर कैपिटल (authorized share capital) को ₹80 करोड़ से बढ़ाकर ₹90 करोड़ करने का प्रस्ताव दिया है, जिससे 5 करोड़ अतिरिक्त इक्विटी शेयर्स इश्यू करने का रास्ता साफ होगा। शेयरधारकों के लिए अगली अहम अपडेट यह होगी कि मैनेजमेंट टीम नए गेमिंग बिजनेस के इंटीग्रेशन (integration) को कैसे अंजाम देती है और क्या AI और नए गेम डेवलपमेंट पर फोकस आने वाली तिमाहियों में प्रॉफिट मार्जिन (profit margins) को बेहतर बनाने में मदद करेगा।
