National Investment and Infrastructure Fund (NIIF) ने Gauravjit Singh को मैनेजिंग पार्टनर और ग्लोबल हेड ऑफ कैपिटल फॉर्मेशन नियुक्त किया है। यह नियुक्ति फंड द्वारा **$3 बिलियन** की इक्विटी कमिटमेंट्स हासिल करने के बाद हुई है।
अनुभवी लीडरशिप पर दांव
NIIF, जो भारत का एक प्रमुख सॉवरेन-एंकर अल्टरनेटिव एसेट मैनेजर है, अपनी फंड रेजिंग की रफ्तार को और तेज करना चाहता है। Gauravjit Singh के पास 20 साल का लंबा अनुभव है। उन्होंने PAG, True North और KKR जैसी बड़ी संस्थाओं में अहम भूमिका निभाई है। अब उनकी मुख्य जिम्मेदारी NIIF के इन्फ्रास्ट्रक्चर और प्राइवेट मार्केट के लक्ष्यों के लिए ग्लोबल और डोमेस्टिक निवेशकों को जोड़ना होगा।
फंड के बड़े लक्ष्य
NIIF का विस्तार तेजी से हो रहा है। हाल ही में कंपनी ने अपने Private Markets Fund II के लिए $750 मिलियन का फर्स्ट क्लोज पूरा किया है, जिसका कुल लक्ष्य $1 बिलियन है। इसके अलावा, अगस्त में कंपनी ने अपने दूसरे इन्फ्रास्ट्रक्चर फंड के लिए ₹19,000 करोड़ का फर्स्ट क्लोज हासिल किया। इस फंड का कुल लक्ष्य ₹30,000 करोड़ है, यानी लगभग 60% पूंजी पहले ही जुटाई जा चुकी है।
निवेशकों के लिए अहम नोट
यह समझना जरूरी है कि NIIF कोई लिस्टेड कंपनी नहीं है, इसलिए इसमें आम शेयरों की तरह ट्रेडिंग नहीं की जा सकती। यह एक प्रोफेशनल एसेट मैनेजमेंट फर्म है। इसके प्रदर्शन का सीधा असर ग्लोबल मार्केट और इंटरेस्ट रेट्स पर निर्भर करता है। यदि विदेशी निवेशकों का भरोसा बना रहता है, तो कंपनी अपने बाकी बचे फंड्स को भी समय पर पूरा करने में सफल रहेगी।
