Muthoot Microfin: मुनाफे में **263%** का बवंडर, कंपनी ने पहली बार पार किया **₹100 करोड़** का आंकड़ा

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AuthorAditya Rao|Published at:
Muthoot Microfin: मुनाफे में **263%** का बवंडर, कंपनी ने पहली बार पार किया **₹100 करोड़** का आंकड़ा

Muthoot Microfin के नतीजों ने बाजार में जोश भर दिया है। कंपनी ने Q2 FY27 में **₹110.8 करोड़** का रिकॉर्ड प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल की तुलना में **263%** ज्यादा है। इस दमदार प्रदर्शन की बदौलत कंपनी का लोन पोर्टफोलियो अब **₹15,323 करोड़** तक पहुंच गया है।

मुनाफे का नया रिकॉर्ड

Muthoot Microfin Ltd ने इस तिमाही में पहली बार ₹100 करोड़ के मुनाफे के मील के पत्थर को पार किया है। कंपनी की लोन बांटने की रफ्तार 28% बढ़कर ₹2,900 करोड़ के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है।

मार्जिन और ऑपरेशनल एफिशिएंसी

कंपनी के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) में 50 बेसिस पॉइंट्स का इजाफा हुआ है और यह 12.5% पर पहुंच गया है। कंपनी ने अपनी फंडिंग कॉस्ट को 9.93% के सिंगल डिजिट पर बनाए रखने में कामयाबी पाई है। इसके अलावा, कंपनी का कॉस्ट-टू-इनकम रेश्यो पिछले तिमाही के 53.7% से घटकर 48.1% पर आ गया है, जो ऑपरेशनल सुधार को दर्शाता है।

एसेट क्वालिटी में सुधार

कंपनी के ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (GNPA) गिरकर 3.38% पर आ गए हैं, जो पिछले साल के मुकाबले 123 बेसिस पॉइंट्स की बड़ी गिरावट है। साथ ही, कंपनी ने अपने पोर्टफोलियो को डायवर्सिफाई करना शुरू कर दिया है, जहां अब नॉन-JLG लोन का हिस्सा बढ़कर 31% हो गया है। डिजिटल क्रांति का भी असर दिख रहा है, अब 47% कलेक्शन डिजिटल माध्यमों से हो रहा है, जो पिछले साल सिर्फ 25% था।

भविष्य की चुनौतियां

माइक्रोफाइनेंस सेक्टर के जोखिमों को देखते हुए, निवेशकों को कंपनी के कलेक्शन एफिशिएंसी और क्रेडिट कॉस्ट पर नजर रखनी होगी। हालांकि नॉन-JLG पोर्टफोलियो में बढ़ोतरी एक अच्छा संकेत है, लेकिन इस नए सेगमेंट के रिस्क प्रोफाइल को मैनेज करना कंपनी के लिए भविष्य में महत्वपूर्ण होगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.