Motilal Oswal Financial Services ने शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का तिमाही मुनाफा **198%** बढ़कर **₹1,081 करोड़** पर पहुंच गया है। इसके साथ ही, कंपनी को SEBI से कस्टोडियन लाइसेंस भी मिल गया है, जो बिजनेस विस्तार में मदद करेगा।
नतीजों का विश्लेषण
Motilal Oswal Financial Services ने फाइनेंशियल ईयर 2027 की दूसरी तिमाही में दमदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹362.42 करोड़ से बढ़कर ₹1,080.74 करोड़ हो गया है। कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू भी 64.4% की उछाल के साथ ₹3,041.67 करोड़ दर्ज किया गया।
मुनाफे में इस बड़ी बढ़ोतरी के पीछे फेयर वैल्यू गेन्स (Fair Value Gains) का बड़ा हाथ है, जो ₹9.15 करोड़ से बढ़कर ₹833.05 करोड़ पहुंच गए।
बिजनेस में बदलाव की रणनीति
हालांकि प्रॉफिट बड़ा दिख रहा है, लेकिन निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि इसका एक हिस्सा नॉन-ऑपरेटिंग इनकम से आया है। कंपनी अब अपने कोर ट्रेडिंग बिजनेस पर निर्भरता घटा रही है, जिसके चलते कैपिटल मार्केट सेगमेंट के प्रॉफिट में 5% की गिरावट आई है।
वहीं, एसेट और वेल्थ मैनेजमेंट सेगमेंट मजबूती से आगे बढ़ रहा है, जो अब कुल ऑपरेटिंग प्रॉफिट में 43% का योगदान देता है। एसेट मैनेजमेंट आर्म का प्रॉफिट 69% बढ़कर ₹304 करोड़ हो गया है। कंपनी की कुल रेवेन्यू का लगभग दो-तिहाई हिस्सा अब रिकरिंग सोर्सेज से आ रहा है।
कस्टोडियन लाइसेंस का महत्व
कंपनी को SEBI से कस्टोडियन ऑफ सिक्योरिटीज (Custodian of Securities) का लाइसेंस मिल गया है। इससे कंपनी इंस्टीट्यूशनल क्लाइंट्स के लिए ट्रेड सेटलमेंट, सेफकीपिंग और कॉर्पोरेट एक्शन जैसे काम कर सकेगी। ये सेवाएं फाइनेंशियल ईयर की चौथी तिमाही से शुरू होने की उम्मीद है, जो कंपनी की कमाई का एक नया जरिया बनेगा।
