L&T Finance ने सितंबर तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का नेट प्रॉफिट **33%** बढ़कर **₹968 करोड़** पर पहुंच गया है, जिसे ब्याज से होने वाली **32.6%** की अतिरिक्त कमाई का सपोर्ट मिला है।
मुनाफे में बड़ा उछाल
30 सितंबर, 2026 को समाप्त हुई दूसरी तिमाही में L&T Finance ने मजबूत नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट 33% बढ़कर ₹968 करोड़ दर्ज किया गया है। इस ग्रोथ के पीछे मुख्य वजह नेट इंटरेस्ट इनकम में 32.6% का बड़ा इजाफा रहा, जो बढ़कर ₹3,187.36 करोड़ हो गई। यह साफ दर्शाता है कि कंपनी की लेंडिंग ऑपरेशंस पहले से कहीं ज्यादा प्रभावी साबित हो रही हैं।
रणनीति में बदलाव: ग्रामीण बाजार से गोल्ड लोन की ओर
मानसून की अनिश्चितता के कारण जुलाई और अगस्त के महीनों में कंपनी ने अपने रूरल बिजनेस को लेकर काफी सतर्क रुख अपनाया। नतीजतन, फार्मर फाइनेंस कैटेगरी में पिछले क्वार्टर के मुकाबले 33% की कमी दर्ज की गई। जोखिम को कम करने के लिए कंपनी ने अब गोल्ड लोन और SME फाइनेंसिंग पर अपना ध्यान केंद्रित किया है। यह कदम पोर्टफोलियो को सुरक्षित रखने के लिहाज से अहम है, क्योंकि गोल्ड-बैक्ड लोन में डिफॉल्ट का रिस्क कम होता है।
एसेट क्वालिटी में सुधार
कंपनी के एसेट क्वालिटी के आंकड़ों में भी खासी मजबूती दिखी है। ग्रॉस स्टेज-3 एसेट्स (बैड लोन) घटकर 2.53% रह गए हैं, जो पिछले साल इसी तिमाही में 3.29% थे। नेट स्टेज-3 एसेट्स भी घटकर 0.85% पर आ गए हैं, जो बेहतर लोन रिकवरी का संकेत देते हैं।
निवेशकों के लिए अब यह देखना दिलचस्प होगा कि जब मानसून की स्थिति सामान्य होती है, तो कंपनी अपने रूरल पोर्टफोलियो को कैसे पटरी पर लाती है और क्या SME लेंडिंग में अपनी बढ़त को बरकरार रख पाती है।
