Karur Vysya Bank (KVB) ने अपने ग्राहकों के लिए बड़ा झटका देते हुए सभी तरह के लोन पर MCLR (Marginal Cost of Funds Based Lending Rate) बढ़ाने का ऐलान किया है। यह नई दरें 22 अगस्त 2026 से लागू होंगी, जिसका मतलब है कि फ्लोटिंग रेट वाले लोन पर EMI बढ़ सकती है। वहीं, बैंक के शेयर में आज **3%** से ज्यादा की तेजी देखी गई।
क्या हैं नई ब्याज दरें?
बैंक ने स्टॉक एक्सचेंज को दी जानकारी में बताया कि ओवरनाइट और एक महीने की अवधि के लिए MCLR अब 9.00% हो गई है। तीन महीने की अवधि के लिए यह दर 9.15% और छह महीने के लिए 9.30% कर दी गई है। सबसे अहम, एक साल की अवधि के लिए MCLR को बढ़ाकर 9.40% कर दिया गया है। यह दरें ज्यादातर रिटेल और कॉर्पोरेट लोन के लिए बेंचमार्क का काम करती हैं।
नतीजों के साथ बढ़त
ब्याज दरें बढ़ाने की खबर के बीच, Karur Vysya Bank के शेयर ने भी निवेशकों को खुश किया। 20 अगस्त 2026 को शेयर 3.08% की बढ़त के साथ ₹341.40 पर बंद हुआ। यह तेजी बैंक के हालिया तिमाही नतीजों के दम पर आई है।
Q1 में 45% बढ़ा मुनाफा
फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही (Q1 FY27) में बैंक ने ₹756 करोड़ का नेट प्रॉफिट दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 44.92% ज्यादा है। बैंक का नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) भी ₹1,423 करोड़ रहा।
आगे क्या हो सकता है?
हालांकि, अच्छे नतीजों के बावजूद, शेयर बाजार की नजरें बैंक के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) पर टिकी हैं। दूसरी बैंकों की तरह KVB को भी डिपॉजिट जुटाने के लिए ज्यादा ब्याज देना पड़ रहा है, जिससे फंड की लागत बढ़ रही है। अगर लोन से होने वाली कमाई की तुलना में डिपॉजिट की लागत ज्यादा तेजी से बढ़ती है, तो यह आने वाली तिमाहियों में बैंक के मुनाफे पर दबाव डाल सकती है। बैंक ने अपने कुल पोर्टफोलियो में गोल्ड लोन का हिस्सा 35% तक सीमित रखने की रणनीति भी अपनाई है, जिससे एसेट क्वालिटी तो मजबूत रहेगी, पर इस सेगमेंट में ग्रोथ की रफ्तार धीमी हो सकती है।
