भारतीय रुपया आज डॉलर के मुकाबले **9 पैसे** की मजबूती के साथ **94.86** के स्तर पर खुला है। यह लगातार सातवां दिन है जब रुपये में तेजी देखी जा रही है, जिसके पीछे RBI का हस्तक्षेप और Jio IPO को लेकर विदेशी निवेश की उम्मीदें अहम वजह हैं।
भारतीय रुपये ने अपनी मजबूती का सिलसिला जारी रखा है। 19 अक्टूबर को रुपया पिछले बंद भाव 94.95 के मुकाबले 9 पैसे ऊपर चढ़कर 94.86 पर खुला। बाजार जानकारों का मानना है कि विदेशी मुद्रा बाजार में उतार-चढ़ाव को थामने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) लगातार डॉलर की बिकवाली कर रहा है, जो रुपये के लिए एक सपोर्ट बेस का काम कर रहा है।
रुपये की मजबूती के पीछे की वजहें
- क्रूड ऑयल में स्थिरता: रूस के तेल पर अंतरराष्ट्रीय व्यापार छूट के अपडेट के बाद कच्चे तेल की कीमतों में नरमी आई है। भारत एक बड़ा आयातक (Importer) होने के नाते, क्रूड के भाव कम होने से डॉलर की मांग घटती है, जिसका सीधा फायदा रुपये को मिलता है।
- Jio IPO का असर: घरेलू बाजार की नजरें अपकमिंग Jio IPO पर टिकी हैं। विदेशी निवेशकों द्वारा बड़े स्तर पर पूंजी आने की उम्मीद ने बाजार में पॉजिटिव सेंटिमेंट बनाया है, जो रुपये के लिए एक बड़े 'टेलविंड' की तरह काम कर रहा है।
ग्लोबल मार्केट का हाल
एशियाई करेंसीज में मिली-जुली प्रतिक्रिया है। जहां इंडोनेशियाई रुपिया और फिलीपीन पेसो दबाव में हैं, वहीं जापानी येन और चीनी रेनमिनबी में मजबूती देखी गई है। उधर, यूएस डॉलर इंडेक्स 101.50 से 102.00 के दायरे में बना हुआ है। फ्रांस में नागरिक अशांति के कारण यूरो कमजोर हुआ है, जिसने डॉलर को थोड़ा सहारा दिया है।
भारतीय कारोबारियों के लिए यह समय रिस्क मैनेजमेंट का है। एक्सपोर्ट-इंपोर्ट करने वाली कंपनियां अपनी हेजिंग स्ट्रैटेजी को दुरुस्त कर रही हैं ताकि मार्जिन पर असर न पड़े। अब सबकी नजरें Jio IPO के सब्सक्रिप्शन डेटा और ग्लोबल क्रूड ऑयल के मोर्चे पर अपडेट्स पर टिकी हैं।
