Forex Inflow: भारत में आई **$136 अरब** की विदेशी नकदी, निवेशकों के लिए क्या है बड़ी खबर?

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AuthorMehul Desai|Published at:
Forex Inflow: भारत में आई **$136 अरब** की विदेशी नकदी, निवेशकों के लिए क्या है बड़ी खबर?

भारतीय बैंकिंग सिस्टम में हाल ही में **$136.38 अरब** की भारी विदेशी मुद्रा (Forex) आई है। इस लिक्विडिटी के कारण शॉर्ट-टर्म इंटरेस्ट रेट्स में राहत मिली है और बैंक शेयरों को सपोर्ट मिला है, लेकिन ग्लोबल फैक्टर्स और क्रूड ऑयल की कीमतों के दबाव में लॉन्ग-टर्म गवर्नमेंट बॉन्ड्स अभी भी संघर्ष कर रहे हैं।

भारतीय फाइनेंशियल सिस्टम में इन दिनों विदेशी मुद्रा की बंपर आवक से एक बड़ा लिक्विडिटी इवेंट देखने को मिल रहा है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की विशेष सुविधा के तहत $127.23 अरब के FCNR(B) डिपॉजिट आने से बैंकों और बॉन्ड ट्रेडर्स के लिए माहौल पूरी तरह बदल गया है।

बैंकिंग सेक्टर और ब्याज दरों पर असर

बैंकिंग सेक्टर के लिए सबसे बड़ा फायदा लिक्विडिटी में उछाल के रूप में सामने आया है। सिस्टम में ज्यादा पैसा होने से शॉर्ट-टर्म के लिए उधार लेने की लागत घट गई है। यही वजह है कि बैंकिंग स्टॉक्स में तेजी देखी जा रही है और Sensex-Nifty जैसे इंडेक्स पर इसका पॉजिटिव असर दिख रहा है। बैंकों के पास अब ज्यादा फंड है, जिसे वे शॉर्ट-टर्म गवर्नमेंट सिक्योरिटीज में निवेश कर सकते हैं।

बॉन्ड मार्केट की चुनौती

जहां शॉर्ट-टर्म इंस्ट्रूमेंट्स में रौनक है, वहीं लॉन्ग-टर्म बॉन्ड मार्केट में स्थिति थोड़ी पेचीदा है। 10-साल के बेंचमार्क गवर्नमेंट बॉन्ड यील्ड 7% के आसपास बने हुए हैं। यहां दो बड़े ग्लोबल खतरे हैं—पहला, U.S. ट्रेजरी यील्ड का बढ़ना, जो निवेशकों को भारत से दूर खींच रहा है। दूसरा, ब्रेंट क्रूड ऑयल का $95 प्रति बैरल के करीब होना। चूंकि भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए भारी इंपोर्ट करता है, इसलिए तेल की कीमतें महंगाई का डर पैदा कर रही हैं, जिसका सीधा असर लॉन्ग-टर्म बॉन्ड्स पर पड़ता है।

RBI का बैलेंसिंग एक्ट

RBI अब इस सरप्लस नकदी को संभालने की कोशिश में है। सिस्टम में अतिरिक्त पैसा बढ़ने से महंगाई न बढ़े, इसके लिए केंद्रीय बैंक Variable Rate Reverse Repo (VRRR) ऑक्शन का सहारा ले रहा है। निवेशकों को अब RBI की अगली पॉलिसी अपडेट्स और ऑक्शन पर कड़ी नजर रखनी होगी, क्योंकि यही तय करेगा कि बाजार में नकदी और महंगाई के बीच संतुलन कैसे बना रहेगा।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.