HomeFirst Finance ने चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का मुनाफा **29%** बढ़कर **₹170.2 करोड़** पर पहुंच गया है, जिसके बाद अब मैनेजमेंट ने मार्च **2027** तक **₹20,000 करोड़** के एसेट अंडर मैनेजमेंट (AUM) का बड़ा टारगेट रखा है।
ग्रोथ की रफ्तार
अफोर्डेबल हाउसिंग सेक्टर की दिग्गज कंपनी HomeFirst Finance ने दमदार तिमाही नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का AUM फिलहाल ₹18,000 करोड़ के आंकड़े को पार कर चुका है, जो पिछले साल के मुकाबले 27% की बढ़ोतरी दर्शाता है। इस तेजी के पीछे पहली बार घर खरीदने वाले ग्राहकों की मजबूत डिमांड एक बड़ा कारण है।
ऑपरेशनल मजबूती
कंपनी की वित्तीय सेहत में सुधार का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दूसरी तिमाही में कुल लोन डिस्बर्समेंट में 32% का उछाल आया है। इसके साथ ही, मैनेजमेंट ने अपनी ऑपरेशनल एफिशिएंसी पर भी ध्यान दिया है, जिससे कंपनी का कॉस्ट-टू-इनकम रेश्यो पिछले क्वार्टर के 32% से घटकर 30.8% पर आ गया है।
कैपिटल और RoE का टारगेट
शेयरधारकों के लिए गौर करने वाली बात यह है कि अप्रैल में कंपनी ने ₹1,250 करोड़ का फंड जुटाया था, जिसमें International Finance Corporation और Goldman Sachs जैसे बड़े ग्लोबल निवेशक शामिल थे। हालिया कैपिटल रेजिंग के बाद मैनेजमेंट का लक्ष्य मौजूदा फाइनेंशियल ईयर में 15% RoE को स्थिर रखना है, जिसे अगले साल तक 16% तक ले जाने की योजना है।
मार्जिन पर दबाव और भविष्य की रणनीति
तेजी से बढ़ते कॉम्पिटिशन के चलते कंपनी के स्प्रेड में 10 बेसिस पॉइंट्स की मामूली गिरावट आई है, जो अब 5.2% है। अपनी प्रॉफिटेबिलिटी को सुरक्षित रखने के लिए कंपनी अब फंडिंग कॉस्ट कम करने पर जोर दे रही है। साथ ही, 'Green Homes' प्रोग्राम के तहत कंपनी ग्रीन बॉन्ड्स (Green Bonds) जारी करने की संभावना तलाश रही है, ताकि पर्यावरण के अनुकूल हाउसिंग प्रोजेक्ट्स को और तेजी से फाइनेंस किया जा सके।
