केंद्र सरकार लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन (LIC) में अपनी हिस्सेदारी का एक और हिस्सा बेचने जा रही है। सरकार LIC के **2.5%** शेयर ₹382 प्रति शेयर के फ्लोर प्राइस पर ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए बेचेगी।
सरकारी विनिवेश का नया दौर
केंद्र सरकार ने लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन (LIC) में अपनी हिस्सेदारी घटाने की प्रक्रिया तेज कर दी है। सरकार LIC में 2.5% की हिस्सेदारी ऑफर फॉर सेल (OFS) के जरिए बेचने की तैयारी में है। इस डील के लिए ₹382 प्रति शेयर का फ्लोर प्राइस तय किया गया है। अगर निवेशकों की मांग ज्यादा रहती है, तो सरकार 4% तक अतिरिक्त हिस्सेदारी बेचने का विकल्प भी खुला रखेगी।
OFS का शेड्यूल और SEBI के नियम
इस OFS प्रक्रिया में इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स मंगलवार को बोली लगाएंगे, जबकि रिटेल इन्वेस्टर्स बुधवार को अपनी बोली लगा पाएंगे। DIPAM (Department of Investment and Public Asset Management) के अनुसार, इस हिस्सेदारी बिक्री का मुख्य मकसद LIC को SEBI के न्यूनतम पब्लिक शेयरहोल्डिंग नियमों के अनुरूप लाना है। भारत में लिस्टेड कंपनियों के लिए एक निश्चित प्रतिशत पब्लिक फ्लोट बनाए रखना अनिवार्य होता है।
LIC का स्टॉक प्रदर्शन
LIC ने मई 2022 में अपना IPO लाया था, जो देश के सबसे बड़े IPO में से एक था। तब से सरकार धीरे-धीरे अपनी बड़ी हिस्सेदारी कम कर रही है। सोमवार को NSE पर LIC के शेयर ₹428.50 पर बंद हुए, जो दिन के मुकाबले 0.89% की बढ़त दिखाता है। हालांकि, पिछले एक साल में शेयर में 3% से ज्यादा की गिरावट आई है, जबकि इसी अवधि में Nifty 500 इंडेक्स में करीब 5% का इजाफा हुआ है।
निवेशकों के लिए अहम बातें
₹382 का फ्लोर प्राइस, शेयर के मौजूदा क्लोजिंग प्राइस ₹428.50 से कम है। निवेशकों के लिए यह देखना अहम होगा कि इंस्टीट्यूशनल और रिटेल दोनों कैटेगरी में कितनी बोलियां आती हैं, जिससे यह तय होगा कि अतिरिक्त 4% हिस्सेदारी बेची जाएगी या नहीं। इसके अलावा, बाजार की नजर इस बात पर भी होगी कि पब्लिक फ्लोट बढ़ने से स्टॉक की लिक्विडिटी पर क्या असर पड़ता है और LIC का प्रदर्शन व्यापक बाजार के प्रदर्शन के साथ कैसे तालमेल बिठा पाता है।
