दिग्गज कंपनी Reliance Industries के लिए एक बड़ी खुशखबरी आई है। ग्लोबल रेटिंग एजेंसी Fitch Ratings ने कंपनी की लॉन्ग-टर्म लोकल-करेंसी रेटिंग को **'BBB+'** से बढ़ाकर **'A-'** कर दिया है।
रेटिंग अपग्रेड के पीछे की वजहें
Fitch Ratings ने इस अपग्रेड का श्रेय कंपनी के मजबूत फाइनेंशियल प्रोफाइल को दिया है। सालों तक Reliance को मुख्य रूप से अपने 'ऑयल-टू-केमिकल्स' (O2C) बिजनेस के लिए जाना जाता था, जो काफी हद तक कच्चे तेल की कीमतों पर निर्भर रहता था। लेकिन अब तस्वीर बदल रही है। कंपनी की कमाई का एक बड़ा हिस्सा अब Jio और Reliance Retail जैसे कंज्यूमर-केंद्रित बिजनेस से आ रहा है, जो स्थिर कैश फ्लो सुनिश्चित करते हैं।
इसके अलावा, कंपनी का भारी भरकम कैपिटल एक्सपेंडिचर (CapEx) अब धीरे-धीरे कम हो रहा है। कम खर्च और मजबूत ऑपरेशनल परफॉर्मेंस की वजह से कंपनी का 'फ्री कैश फ्लो' बढ़ गया है, जिसने कंपनी की क्रेडिट हेल्थ को काफी मजबूती दी है।
फॉरेन करेंसी रेटिंग और सॉवरेन सीलिंग
हालांकि लोकल-करेंसी रेटिंग को अपग्रेड किया गया है, लेकिन फॉरेन-करेंसी रेटिंग को 'BBB' पर ही बरकरार रखा गया है। दिलचस्प बात यह है कि यह रेटिंग भारत सरकार की फॉरेन-करेंसी क्रेडिट रेटिंग से भी एक पायदान ऊपर है। ऐसा इसलिए मुमकिन है क्योंकि Reliance रिफाइंड ऑयल और पेट्रोकेमिकल्स के बड़े एक्सपोर्ट से अच्छी खासी विदेशी मुद्रा कमाती है और कंपनी के पास भारी मात्रा में लिक्विडिटी मौजूद है।
निवेशकों को क्या देखना चाहिए?
भले ही रेटिंग में सुधार हुआ हो, लेकिन Reliance अभी भी एक बड़ी एनर्जी प्लेयर बनी हुई है। O2C सेगमेंट में अभी भी ग्लोबल कमोडिटी कीमतों के उतार-चढ़ाव का असर पड़ सकता है। साथ ही, कंपनी का 'न्यू एनर्जी' सेगमेंट में आक्रामक विस्तार और डिजिटल-रिटेल का स्केलिंग अभी भी जारी है, जिसमें एग्जीक्यूशन रिस्क हमेशा बना रहता है। आने वाले समय में कंपनी अपनी कर्ज चुकाने की क्षमता और EBITDA मार्जिन को कैसे मैनेज करती है, यह देखना अहम होगा।
