Fino Payments Bank: RBI की हरी झंडी! अब SFB बनेगी कंपनी, ₹10,000 Cr के लोन बुक का लक्ष्य

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Fino Payments Bank: RBI की हरी झंडी! अब SFB बनेगी कंपनी, ₹10,000 Cr के लोन बुक का लक्ष्य
Overview

Fino Payments Bank के निवेशकों के लिए एक बड़ी खबर आई है। भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने कंपनी को स्मॉल फाइनेंस बैंक (SFB) बनने के लिए सैद्धांतिक (in-principle) मंजूरी दे दी है। यह भविष्य की ग्रोथ और वित्तीय समावेशन (financial inclusion) के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। हालांकि, **FY26 की तीसरी तिमाही (Q3)** में कंपनी का रेवेन्यू **15%** घटकर **₹394.4 करोड़** हो गया, लेकिन बैंक ने **EBITDA मार्जिन** को **16.2%** तक सुधारा है। मैनेजमेंट का लक्ष्य **FY30** तक **₹8,000-₹10,000 करोड़** की लोन बुक तैयार करना है।

🏦 RBI की मंज़ूरी और भविष्य की राह

RBI से स्मॉल फाइनेंस बैंक (SFB) बनने की मंज़ूरी मिलना Fino Payments Bank के लिए एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। यह कदम बैंक को भविष्य में ग्रोथ के नए रास्ते खोलने और ज्यादा से ज्यादा लोगों को बैंकिंग सेवाओं से जोड़ने में मदद करेगा। मैनेजमेंट का बड़ा लक्ष्य है कि FY30 तक बैंक की लोन बुक ₹8,000 से ₹10,000 करोड़ तक पहुंच जाए। इसके साथ ही, बैंक 20% से ऊपर का ROE (Return on Equity) हासिल करने की उम्मीद कर रहा है, और इसके लिए सुरक्षित लेंडिंग (secured lending) पर फोकस किया जाएगा।

📊 Q3 FY26 के नतीजे: मिली-जुली तस्वीर

हालांकि, इस बड़ी खबर के बीच, कंपनी के FY26 के तीसरे तिमाही (Q3) के नतीजे मिले-जुले रहे। इस तिमाही में बैंक का रेवेन्यू पिछले साल की समान अवधि की तुलना में 15% घटकर ₹394.4 करोड़ पर आ गया। पिछले नौ महीनों (Nine Months) में भी रेवेन्यू 8% घटकर ₹1,247.9 करोड़ रहा।

लेकिन, अच्छी बात यह है कि लागत नियंत्रण और बेहतर रेवेन्यू मिक्स के चलते बैंक के मार्जिन में सुधार दिखा है। Q3 FY26 में EBITDA मार्जिन बढ़कर 16.2% हो गया, जो पिछले साल 13% था। पिछले नौ महीनों में भी EBITDA में 240 बेसिस पॉइंट से ज्यादा का सुधार देखने को मिला। नेट रेवेन्यू मार्जिन में तो 540 बेसिस पॉइंट की जोरदार बढ़ोतरी हुई और यह 37.5% पर पहुंच गया। बैंक का कॉस्ट-टू-इनकम रेशियो भी 33.1% पर स्थिर बना रहा।

वहीं, टैक्स से पहले के मुनाफे (PBT) की बात करें तो FY26 की पहली नौ महीनों में यह 20% घटकर लगभग ₹63.3 करोड़ रहा। Q3 FY26 में बैंक का शुद्ध मुनाफा (PAT) ₹12.2 करोड़ रहा।

🚀 आगे की प्लानिंग और चुनौतियाँ

भविष्य के लिए, बैंक ने टेक्नोलॉजी पर बड़ा दांव लगाया है। SFB में बदलने के बाद ऑपरेशंस को सपोर्ट करने के लिए अगले साल ₹100 करोड़ का निवेश किया जाएगा, जबकि फिजिकल इंफ्रास्ट्रक्चर पर खर्च सीमित रखा जाएगा। SFB के तौर पर बैंक के ऑपरेशनल लॉन्च की उम्मीद Q4 FY27 या Q1 FY28 तक है।

इन सबके बीच, बैंक को कुछ चुनौतियों का भी सामना करना पड़ेगा, जैसे कि डिजिटल पेमेंट्स सेगमेंट में रेगुलेटरी जांच, पेमेंट सर्विस सेगमेंट में कड़ी प्रतिस्पर्धा और SFB ट्रांज़िशन को तय समय और बजट में सफलतापूर्वक पूरा करना।

कुल मिलाकर, Fino Payments Bank एक मजबूत और टिकाऊ बैंकिंग फ्रेंचाइजी बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रहा है, जिसका भविष्य SFB के तौर पर एक बेहतर ग्रोथ स्टोरी पेश करने का है।

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