EPFO ने अपने 74वें स्थापना दिवस पर सब्सक्राइबर्स के लिए WhatsApp आधारित नई सर्विस शुरू की है। इसके जरिए अब आप आसानी से अपना बैलेंस और पासबुक देख पाएंगे। साथ ही, ₹1,000 से कम बैलेंस वाले इनऑपरेटिव अकाउंट्स को ऑटोमैटिक तरीके से सेटल किया जाएगा, जिससे करीब 1 लाख सदस्यों को **₹5 करोड़** वापस मिलेंगे।
WhatsApp पर मिलेगी डिजिटल सुविधा
EPFO ने अपने 74वें स्थापना दिवस पर अपने सदस्यों के लिए दो बड़े डिजिटल कदम उठाए हैं। केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया ने इन नई सेवाओं का शुभारंभ किया, ताकि सदस्यों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें। अब सब्सक्राइबर्स WhatsApp के जरिए पलक झपकते ही अपना PF बैलेंस चेक कर सकेंगे, अपने आखिरी 5 ट्रांजेक्शन देख सकेंगे और पासबुक भी डाउनलोड कर सकेंगे। यह पहल जटिल वेब पोर्टल्स के झंझट से बचने और सदस्यों को बेहतर अनुभव देने के लिए की गई है।
छोटे खातों के लिए ऑटोमैटिक सेटलमेंट
डिजिटल इंटरफेस के साथ ही EPFO ने एक बेहद उपयोगी फैसला भी लिया है। उन इनऑपरेटिव खातों (Inoperative Accounts) को अब ऑटो-सेटल किया जाएगा, जिनमें ₹1,000 से कम की राशि फंसी है। आधार (Aadhaar) डेटा का इस्तेमाल करके EPFO इन खातों को खुद सेटल करेगा। इस कदम से लगभग 1 लाख सब्सक्राइबर्स को फायदा होगा और कुल ₹5 करोड़ की वो राशि जारी होगी, जिसे निकालने में सदस्यों को पहले प्रशासनिक बाधाओं का सामना करना पड़ता था।
सुरक्षा का रखें ध्यान
EPFO वर्तमान में लगभग ₹32 लाख करोड़ का विशाल रिटायरमेंट कॉर्पस संभाल रहा है। ऐसे में यह बदलाव संस्था की कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए है। हालांकि, WhatsApp जैसे थर्ड-पार्टी प्लेटफॉर्म का उपयोग करते समय अपनी सुरक्षा का ध्यान रखना बेहद जरूरी है। सब्सक्राइबर्स को सलाह दी जाती है कि वे केवल वेरिफाइड और ऑफिशियल हैंडल के जरिए ही जानकारी साझा करें। भविष्य में EPFO का जोर क्लेम प्रोसेसिंग के समय को और घटाने पर रहेगा।
