Dhanlaxmi Bank ने सितंबर तिमाही के लिए प्रोविजनल नतीजे जारी किए हैं। बैंक के ग्रॉस एडवांसेज में **22.29%** की जबरदस्त तेजी आई है, जो अब **₹15,948 करोड़** पर पहुंच गए हैं। इसकी मुख्य वजह गोल्ड लोन सेगमेंट में आया **53%** का उछाल है।
Dhanlaxmi Bank ने 30 सितंबर, 2026 को समाप्त तिमाही के लिए मजबूत बिजनेस ग्रोथ दर्ज की है। बैंक का कुल बिजनेस 21.08% की सालाना बढ़त के साथ ₹36,500 करोड़ के आंकड़े को पार कर गया है।
गोल्ड लोन और MSME पर बड़ा दांव
बैंक की इस ग्रोथ के पीछे सबसे बड़ी ताकत गोल्ड लोन पोर्टफोलियो रहा है, जो 53.43% उछलकर ₹6,823 करोड़ हो गया है। इसके अलावा, MSME सेक्टर को दिए गए कर्ज में भी 35.90% की बढ़ोतरी देखी गई है और यह बुक साइज ₹2,544 करोड़ पर पहुंच गया है। बैंक का पूरा फोकस अब सुरक्षित और हाई-यील्ड लेंडिंग सेगमेंट पर है।
डिपॉजिट का गणित
कर्ज देने की रफ्तार को बनाए रखने के लिए बैंक की लायबिलिटी साइड भी मजबूत दिख रही है। बैंक का कुल डिपॉजिट 20.15% बढ़कर ₹20,552 करोड़ हो गया है। वहीं, CASA (Current Account Savings Account) डिपॉजिट में 16.83% की वृद्धि के साथ यह ₹5,769 करोड़ पर है।
क्या हैं रिस्क फैक्टर्स?
तेजी से बढ़ती गोल्ड लोन बुक के साथ कुछ चुनौतियां भी जुड़ी हैं। यह बैंक की परफॉर्मेंस को गोल्ड की कीमतों में उतार-चढ़ाव और लेंडिंग नियमों पर निर्भर बना देता है। इसके अलावा, डिपॉजिट जुटाने की बढ़ती प्रतिस्पर्धा भविष्य में बैंक के नेट इंटरेस्ट मार्जिन पर दबाव डाल सकती है। फिलहाल, बैंक ने अपने फाइनेंशियल रिजल्ट्स के ऐलान के चलते 1 अक्टूबर, 2026 से ट्रेडिंग विंडो को बंद कर दिया है, जो रिजल्ट के 48 घंटे बाद तक बंद रहेगी।
