गोल्ड लोन से चमकी CUBK की Q4, मुनाफा 25% बढ़ा
City Union Bank ने चालू फाइनेंशियल ईयर 2026 के चौथे क्वार्टर (Q4 FY26) को शानदार नतीजों के साथ खत्म किया है। बैंक का नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 25% बढ़कर ₹360 करोड़ रहा। पूरे साल की बात करें तो बैंक के कुल लोन 26.5% बढ़कर ₹66,699 करोड़ पर पहुंच गए। इस ग्रोथ का सबसे बड़ा सहारा गोल्ड लोन रहा, जो सालाना आधार पर करीब 36.7% बढ़ा और अब बैंक के कुल लोन का लगभग 29% हिस्सा है। बैंक गोल्ड लोन की कीमतों में उतार-चढ़ाव के रिस्क को लेकर सतर्क है और अपनी गोल्ड प्राइस लिमिट्स को मैनेज कर रहा है।
एसेट क्वालिटी सुधरी, पर वैल्यूएशन पर सवाल
बैंक की एसेट क्वालिटी (Asset Quality) में भी काफी सुधार हुआ है। ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (GNPAs) घटकर 1.91% पर आ गए हैं, जो पिछले साल 3.09% थे। वहीं, नेट एनपीए (Net NPAs) भी 0.68% पर आ गए, जो पहले 1.25% थे। ये आंकड़े प्राइवेट सेक्टर बैंकों के औसत से भी बेहतर हैं। हालांकि, पिछले तीन सालों से बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIMs) लगातार गिरा है और वर्तमान में यह 2.91% के आसपास है, लेकिन हालिया आंकड़े 3.87% के आसपास स्थिरता का संकेत दे रहे हैं।
प्रतियोगियों की तुलना में City Union Bank का वैल्यूएशन (Valuation) थोड़ा महंगा दिख रहा है। बैंक का प्राइस-टू-अर्निंग्स (P/E) रेश्यो 15-17x है, जो स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) के 12-13x और करूर वैश्य बैंक (Karur Vysya Bank) के 10.2x से ज्यादा है। दूसरी ओर, AU स्मॉल फाइनेंस बैंक जैसे बैंक 25-34x के मल्टीपल पर ट्रेड कर रहे हैं, जबकि जन स्मॉल फाइनेंस बैंक (Jana SFB) का P/E 5.97x है। एनालिस्ट्स को उम्मीद है कि CUBK का रिटर्न ऑन एसेट्स (ROA) FY27-28 में 1.5% से ऊपर बना रहेगा।
उभरते रिस्क: गोल्ड की कीमतें और नया लीडरशिप
मजबूत नतीजों के बावजूद, कुछ बड़े रिस्क अभी भी मंडरा रहे हैं। गोल्ड लोन पर बैंक की भारी निर्भरता, सोने की कीमतों में बड़े उतार-चढ़ाव के प्रति संवेदनशील बनाती है। फिच रेटिंग्स (Fitch Ratings) के मुताबिक, सोने की कीमतों में अचानक बड़ी गिरावट से कोलेटरल का मूल्य कम हो सकता है, जिससे रिकवरी में मुश्किल आ सकती है। इसके अलावा, अप्रैल 2026 से गोल्ड लोन के लिए नई रेगुलेशन (New Regulations) लागू हो रही हैं, जिनमें LTV (Loan-to-Value) रेश्यो में बदलाव शामिल है।
एक और बड़ा फैक्टर आने वाला लीडरशिप ट्रांजिशन (Leadership Transition) है। डॉ. एन. कामकोडी (Dr. N. Kamakodi) के बाद आर. विजय आनंद (R. Vijay Anandh) बैंक के नए सीईओ बन सकते हैं (मंजूरी बाकी)। यह बदलाव अनिश्चितता ला सकता है, खासकर अगर एग्जीक्यूशन (Execution) में कोई दिक्कत आए। हालांकि प्रबंधन सुचारू हस्तांतरण का भरोसा दिला रहा है, लेकिन 2018 के साइबर अटैक और FY19 में लोन अप्रूवल की जांच जैसी पुरानी घटनाओं को देखते हुए निवेशकों को सतर्क रहने की जरूरत है। बैंक का प्रीमियम P/E रेश्यो बताता है कि उसका पॉजिटिव आउटलुक अभी से स्टॉक प्राइस में शामिल है।
एनालिस्ट्स की राय और भविष्य की राह
ज्यादातर एनालिस्ट्स City Union Bank के स्टॉक पर पॉजिटिव बने हुए हैं। सर्वसम्मति से 'बाय' (Buy) रेटिंग दी गई है और 12 महीने का औसत टारगेट प्राइस ₹305.52 है। उदाहरण के लिए, ICICI सिक्योरिटीज ने ₹325 का टारगेट दिया है, जबकि आनंद राठी (Anand Rathi) और एमके ग्लोबल (Emkay Global) ने क्रमशः ₹355 और ₹350 का टारगेट रखा है।
बैंक का मैनेजमेंट अगले कुछ सालों में लोन ग्रोथ मिड-टीन (13-17%) में और ROA 1.5-1.6% तक पहुंचने का अनुमान लगा रहा है। पॉजिटिव आउटलुक स्थिर मार्जिन, अच्छी फी इनकम ग्रोथ और सॉलिड एसेट क्वालिटी से सपोर्टेड है। मध्यम अवधि में अर्निंग्स स्थिर रहने की उम्मीद है। हालांकि, इन पॉजिटिव ट्रेंड्स को बनाए रखने के लिए बैंक को गोल्ड प्राइस के रिस्क और लीडरशिप ट्रांजिशन को कितनी अच्छी तरह मैनेज करता है, यह देखना अहम होगा।
