क्यों मिल रहा है प्रीमियम वैल्यूएशन?
Cholamandalam Investment And Finance Company Ltd. (CIFC) के हालिया नतीजे बताते हैं कि कंपनी ने शानदार वापसी की है। जनवरी में डिस्बर्समेंट की रफ्तार इतनी तेज हुई है कि यह तीसरी तिमाही (Q3) के आंकड़ों को भी पार कर गई है। यह तेजी कंपनी के 20-22% तक AUM (Assets Under Management) को फाइनेंशियल ईयर 2026 तक बढ़ाने के लक्ष्य को काफी मजबूत करती है।
व्हीकल फाइनेंस सेगमेंट में एसेट क्वालिटी में भी सुधार देखने को मिला है, जिसमें बेहतर डेलिंक्वेंसी (Delinquency) और कलेक्शन रेट्स शामिल हैं। इसका सीधा मतलब है कि चौथी तिमाही (Q4) से क्रेडिट कॉस्ट में कमी आ सकती है। इसी दौरान, कंपनी के नेट इंटरेस्ट मार्जिन (Net Interest Margin - NIM) भी मजबूत बने हुए हैं। इसकी वजह है ऊंचे यील्ड वाले प्रोडक्ट्स (Higher-yielding products) पर कंपनी का फोकस और फंड की लागत में आई कमी।
मार्केट का रिएक्शन और ब्रोकरेज की राय
बाजार ने भी इस रिकवरी पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी है। स्टॉक में एवरेज से ज्यादा ट्रेडिंग वॉल्यूम (Trading Volume) देखा जा रहा है, जो निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी को दर्शाता है। स्टॉक का RSI फिलहाल 60 के आसपास है, जो अच्छी मोमेंटम का संकेत देता है, लेकिन ओवरबॉट (Overbought) की स्थिति नहीं दिखा रहा।
इस स्थिति को देखते हुए, ब्रोकरेज फर्म Axis Securities ने कंपनी पर अपना भरोसा बरकरार रखा है। उन्होंने 'Buy' रेटिंग देते हुए शेयर का टारगेट प्राइस ₹2,000 तय किया है। यह मौजूदा ट्रेडिंग लेवल (लगभग ₹1,600) से 25% ज्यादा है। इस टारगेट प्राइस पर, कंपनी का वैल्यूएशन सितंबर 2027 के अनुमानित बुक वैल्यू का 4.4 गुना हो जाता है, जो कि इसके मौजूदा 3.5 गुना के मल्टीपल से काफी प्रीमियम है।
कॉम्पिटिटर्स से तुलना और सेक्टर की चाल
Cholamandalam का यह प्रीमियम वैल्यूएशन (Premium Valuation) उस वक्त मिल रहा है जब फाइनेंशियल सेक्टर में काफी कॉम्पिटिशन (Competition) है। उदाहरण के लिए, Bajaj Finance का P/E मल्टीपल 30-35x और मार्केट कैप लगभग ₹5.6 लाख करोड़ है। वहीं, Shriram Finance का P/E 19-25x और मार्केट कैप करीब ₹1.8-1.9 लाख करोड़ है। Cholamandalam का अपना मार्केट कैप लगभग ₹1.35-1.43 लाख करोड़ है, जिसका P/E 27-29x और प्राइस-टू-बुक (Price-to-Book) रेशियो करीब 4.9x है।
भारतीय NBFC सेक्टर में सालाना 13-18% की ग्रोथ का अनुमान है, हालांकि लिक्विडिटी (Liquidity) की कमी और रेगुलेटरी (Regulatory) निगरानी जैसे कुछ जोखिम बने हुए हैं। ऐतिहासिक तौर पर, Cholamandalam के शेयर ने ऐसी रिकवरी के संकेतों पर अच्छा प्रदर्शन दिखाया है। एक साल पहले, ऐसे ही एक पॉजिटिव रिजल्ट ने दो महीनों में शेयर में 15% का उछाल दिलाया था, जो ऑपरेशनल सुधार के दौरान बाजार की सराहना का एक मिसाल है।
आगे की राह और रिस्क फैक्टर
कंपनी के लिए आगे चलकर क्रेडिट ग्रोथ में सुस्ती या नए प्रोडक्ट्स में एसेट क्वालिटी बिगड़ने जैसे संभावित जोखिमों से निपटना महत्वपूर्ण होगा। Axis Securities ने इन जोखिमों को अपने अनुमानों और टारगेट प्राइस के लिए मुख्य खतरा बताया है। हालांकि, कंपनी का डिसिप्लिनड अंडरराइटिंग (Disciplined Underwriting) और क्रेडिट कॉस्ट को स्थिर रखने पर फोकस, Cholamandalam को फाइनेंशियल ईयर 2027 और 2028 तक सस्टेनेबल AUM ग्रोथ और कमाई में रिकवरी हासिल करने में मदद करेगा। यही वजह है कि एनालिस्ट फर्म का भरोसा पक्का है।