नतीजों से पहले घबराहट या उम्मीद?
बजाज फाइनेंस के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स 3 फरवरी को अन-ऑडिटेड फाइनेंशियल नतीजों को मंजूरी देंगे। यह इस दिग्गज NBFC के लिए एक अहम पड़ाव है, क्योंकि हाल के दिनों में कंपनी के शेयर में 2.19% की गिरावट देखी गई है। पिछले पांच ट्रेडिंग सेशन में यानी 2 फरवरी, 2026 तक, शेयर ₹902-₹904 के स्तर के आसपास कारोबार कर रहा था। यह गिरावट पिछली तिमाही के मजबूत प्रदर्शन के बावजूद आई है, जिसने निवेशकों के बीच थोड़ी अनिश्चितता का माहौल बना दिया है। पिछले छह महीनों में शेयर ने 1.75% का मामूली उछाल दिखाया था, लेकिन यह अक्टूबर 2025 में छूए गए ₹1,102.50 के 52-हफ्ते के उच्चतम स्तर से काफी नीचे है।
नतीजों पर क्यों है सबकी नजर?
बाजार की नजरें तिमाही के नेट प्रॉफिट, नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) और एसेट क्वालिटी जैसे प्रमुख आंकड़ों पर होंगी। इन नंबरों से कंपनी के हेल्थ का सही अंदाजा लगेगा। FY2027 तक NBFC सेक्टर में रिटेल एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) के ₹30 लाख करोड़ को पार करने का अनुमान है। ऐसे में, माना जा रहा है कि Q3 FY2026 के नतीजे पिछले नौ तिमाहियों में सबसे मजबूत हो सकते हैं, जो AUM ग्रोथ और मार्जिन में सुधार से प्रेरित होंगे।
प्रतिस्पर्धियों का हाल और बजाज फाइनेंस का वैल्यूएशन
इस बीच, दूसरे बड़े फाइनेंशियल प्लेयर्स के नतीजे आ चुके हैं। HDFC बैंक ने ₹18,654 करोड़ के रेवेन्यू पर 11.5% का ईयर-ऑन-ईयर प्रॉफिट ग्रोथ दर्ज किया, वहीं ICICI बैंक का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट 4% गिरकर ₹11,318 करोड़ रहा, हालांकि नेट इंटरेस्ट इनकम 7.7% बढ़ी। बजाज फाइनेंस का प्राइस-टू-अर्निंग (P/E) रेशियो करीब 30-36x रहने का अनुमान है, जो कुछ प्रतिस्पर्धियों जैसे श्रीराम फाइनेंस या मुथूट फाइनेंस से ज्यादा है। यह दर्शाता है कि बाजार कंपनी को प्रीमियम वैल्यूएशन देता है। हालिया अपडेट्स के अनुसार, बजाज फाइनेंस का कस्टमर बेस 101.82 मिलियन से अधिक हो गया है और 31 दिसंबर, 2025 तक AUM में 22% की वृद्धि के साथ यह लगभग ₹4,85,900 करोड़ तक पहुंच गया है।
भविष्य की राह
जैसे-जैसे बजाज फाइनेंस अपने Q3 के नतीजे पेश करने की तैयारी कर रहा है, निवेशकों का ध्यान कंपनी की ग्रोथ कैपेसिटी पर होगा। क्रेडिट कॉस्ट को मैनेज करना, नेट इंटरेस्ट मार्जिन को बनाए रखना और बदलते रेगुलेटरी माहौल में कस्टमर फ्रेंचाइजी का विस्तार करना कंपनी के लिए महत्वपूर्ण होगा। विश्लेषकों को NBFC सेक्टर में पॉजिटिव मोमेंटम की उम्मीद है, लेकिन बजाज फाइनेंस का प्रदर्शन ही उसके शॉर्ट-टर्म वैल्यूएशन को तय करेगा। 3 फरवरी की अर्निंग्स कॉल मैनेजमेंट के भविष्य के प्लान्स और गाइडेंस को समझने का मौका देगी।