Axis Bank ने जून 2026 को समाप्त तिमाही के लिए अपने नतीजे जारी किए हैं, जिसमें नेट प्रॉफिट में पिछले साल की तुलना में **23%** की शानदार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बैंक का मुनाफा बढ़कर **₹7,114 करोड़** हो गया है। इस ग्रोथ का मुख्य कारण नेट इंटरेस्ट इनकम (Net Interest Income) में **8%** की वृद्धि और एसेट क्वालिटी (Asset Quality) में लगातार सुधार है। बैंक की कुल डिपॉजिट्स (Deposits) और एडवांसेस (Advances) दोनों में लगभग **20%** का इजाफा हुआ है, जो बैंक के बैलेंस शीट में एक बड़े विस्तार का संकेत देता है।
Axis Bank का दमदार प्रदर्शन
Axis Bank ने 2026-27 के फाइनेंशियल ईयर की पहली तिमाही के लिए अपने नतीजे पेश किए हैं। बैंक ने ₹7,114 करोड़ का स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी तिमाही में ₹5,806 करोड़ था। यह 23% की बढ़ोतरी दिखाता है।
कमाई का जरिया और मार्जिन
बैंक की प्रॉफिटेबिलिटी में नेट इंटरेस्ट इनकम का बड़ा योगदान रहा, जो 8% बढ़कर ₹14,646 करोड़ हो गया। यह वह कमाई है जो बैंक लोन पर कमाता है और डिपॉजिट्स पर ब्याज देता है। बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM), जो उसकी लैंडिंग एक्टिविटीज की प्रॉफिटेबिलिटी को मापता है, इस तिमाही में 3.46% रहा। इसके अलावा, नॉन-इंटरेस्ट इनकम (फीस और अन्य सर्विस से होने वाली कमाई) ₹6,735 करोड़ रही।
एसेट क्वालिटी में सुधार और लोन बुक का विस्तार
बैंकिंग सेक्टर में निवेशकों के लिए एसेट क्वालिटी यानी लोन बुक की हेल्थ देखना अहम होता है। Axis Bank ने इस मोर्चे पर भी बेहतर प्रदर्शन किया है। जून 2026 के अंत तक ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (GNPA) रेशियो घटकर 1.28% रह गया, जो पिछले साल 1.57% था। नेट एनपीए (Net NPA) रेशियो भी 0.45% से सुधरकर 0.39% हो गया। नए फंसे लोन, जिन्हें ग्रॉस स्लिपेज (Gross Slippages) कहते हैं, भी पिछले साल के ₹8,200 करोड़ की तुलना में घटकर ₹5,566 करोड़ रह गए।
बैंक के लोन देने के कारोबार में भी जबरदस्त ग्रोथ दिखी। कुल नेट एडवांसेस 19% बढ़कर ₹12.62 लाख करोड़ हो गए। इसमें कॉर्पोरेट लोन सेगमेंट में 38% का इजाफा हुआ, जबकि एसएमई (SME) एडवांसेस 25% बढ़े। रिटेल लोन में 8% की ग्रोथ दर्ज की गई। वहीं, डिपॉजिट्स 18% बढ़कर ₹13.73 लाख करोड़ पर पहुंच गए।
कैपिटल एडिक्वेसी और मार्केट पर असर
Axis Bank ने अपनी लेंडिंग एक्टिविटीज को सपोर्ट करने के लिए मजबूत कैपिटल बफर बनाए रखा है। कैपिटल एडिक्वेसी रेशियो (Capital Adequacy Ratio) 16.67% पर था। इसके अलावा, बैंक के पास रेगुलेटरी कैपिटल के बाहर भी अतिरिक्त प्रावधान (Provisions) हैं, जो भविष्य में क्रेडिट ग्रोथ के लिए फ्लेक्सिबिलिटी प्रदान करते हैं।
इन नतीजों के बाद, शुक्रवार को NSE पर Axis Bank के शेयर 1.6% चढ़कर ₹1,328.5 पर बंद हुए। जबकि इस साल अब तक निफ्टी 50 (Nifty 50) इंडेक्स में 6.9% की गिरावट आई है, वहीं Axis Bank ने इसी अवधि में 4.3% का गेन दर्ज किया है। आगे यह देखना अहम होगा कि बैंक अपनी लोन ग्रोथ की रफ्तार और एसेट क्वालिटी को मौजूदा इंटरेस्ट रेट माहौल में कैसे बनाए रखता है।
