Q4 और FY26 के नतीजे:
Aditya Birla Capital ने मार्च 2026 को समाप्त तिमाही और पूरे वित्तीय वर्ष के लिए अपने नतीजे घोषित किए हैं। चौथी तिमाही (Q4FY26) में, कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू साल-दर-साल (YoY) 12% बढ़कर ₹159 अरब पर पहुंच गया। इसी अवधि में, एकमुश्त खर्चों को छोड़कर नेट प्रॉफिट (PAT) 30% बढ़कर ₹11.2 अरब दर्ज किया गया।
पूरे वित्तीय वर्ष 2026 के लिए, कंपनी का नेट प्रॉफिट (PAT) 21% बढ़कर ₹38 अरब रहा, जो कंपनी के मजबूत ऑपरेशनल परफॉरमेंस का संकेत देता है। कंपनी की लेंडिंग बुक (NBFC और हाउसिंग फाइनेंस सेगमेंट) में 32% की शानदार वृद्धि हुई, जो ₹2.08 ट्रिलियन तक पहुंच गई। वहीं, एसेट मैनेजमेंट, लाइफ और हेल्थ इंश्योरेंस व्यवसायों में कुल एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) 16% बढ़कर ₹5.91 ट्रिलियन हो गया। म्यूचुअल फंड सेगमेंट का तिमाही औसत AUM भी 14% बढ़कर ₹4.36 ट्रिलियन रहा।
ग्रोथ ड्राइवर्स और एनालिस्ट्स की राय:
डिजिटलाइजेशन और क्रेडिट ग्रोथ जैसे फैक्टर्स से फायदा उठाते हुए, आदित्य बिड़ला कैपिटल अपनी 'वन ABC' प्लेटफॉर्म स्ट्रेटेजी, क्रॉस-सेलिंग और डिजिटल इन्वेस्टमेंट पर फोकस कर रही है। ब्रोकरेज फर्म मोतीलाल ओसवाल (Motilal Oswal) ने कंपनी के प्रति अपना भरोसा जताया है। वे FY26 से FY28 तक 30% के कंसोलिडेटेड PAT CAGR का अनुमान लगा रहे हैं और FY28 तक 16% के RoE की उम्मीद कर रहे हैं। मोतीलाल ओसवाल ने 'BUY' रेटिंग बनाए रखी है और टारगेट प्राइस ₹430 रखा है। कुल 12 एनालिस्ट्स ने ₹398.83 का औसत टारगेट प्राइस दिया है।
वैल्यूएशन और रिस्क फैक्टर:
हालांकि, कंपनी के वैल्यूएशन पर कुछ चिंताएं भी हैं। आदित्य बिड़ला कैपिटल का ट्रेलिंग ट्वेल्व-मंथ (TTM) P/E रेश्यो लगभग 29-30x है, जो HDFC Bank और ICICI Bank जैसे प्रमुख पीयर्स (जिनका P/E 18-20x है) से अधिक है। कंपनी का रिपोर्टेड RoE भी ICICI Bank से कम है। इसके अलावा, कंपनी ने कोई डिविडेंड (Dividend) नहीं बांटा है और उसका इंटरेस्ट कवरेज रेश्यो भी कम है। मैक्रोइकॉनॉमिक फैक्टर जैसे कमजोर पड़ते भारतीय रुपये और फॉरेन पोर्टफोलियो इन्वेस्टमेंट (FPI) के अस्थिर फ्लो से भी सेक्टर को चुनौती मिल सकती है। 'वन ABC' इंटीग्रेटेड प्लेटफॉर्म स्ट्रेटेजी में इंटीग्रेशन रिस्क और ऑपरेशनल कॉम्प्लेक्सिटी भी शामिल हैं।
रेगुलेटरी कंप्लायंस:
कंपनी रेगुलेटरी कंप्लायंस के मामले में मजबूत स्थिति में है। लगभग पूरा इक्विटी डीमैट फॉर्म में है, जो मजबूत गवर्नेंस स्टैंडर्ड्स को दर्शाता है।
