नतीजों पर लागत का साया
Uno Minda के शेयर में आज लगभग 5.9% की बड़ी गिरावट देखी गई, जो पिछले एक महीने के निचले स्तर के करीब ₹1,007.50 पर कारोबार कर रहा था। यह गिरावट ब्रोकरेज फर्म Emkay Global Financial Services द्वारा स्टॉक को 'Add' से घटाकर 'Reduce' करने और टारगेट प्राइस 19% से ज्यादा कम करके ₹1,050 करने के बाद आई।
Q4 और FY26 के मिक्स्ड नतीजे
कंपनी ने Q4 फाइनेंशियल ईयर 26 के लिए ₹326 करोड़ का कंसोलिडेटेड प्रॉफिट दर्ज किया, जो पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 22% ज्यादा है। वहीं, कंपनी का रेवेन्यू 18% बढ़कर ₹5,336 करोड़ पर पहुंच गया। पूरे फाइनेंशियल ईयर 26 के लिए, प्रॉफिट 24% बढ़कर ₹1,166 करोड़ रहा, जबकि रेवेन्यू ₹19,589 करोड़ रहा।
Emkay Global की चिंताएं
Emkay Global का मानना है कि आने वाले समय में कंपनी के मार्जिन पर दबाव बढ़ सकता है। उन्होंने FY27-FY29 के लिए अपने अर्निंग्स पर शेयर (EPS) अनुमानों को भी घटा दिया है। साथ ही, FY26-FY28 के लिए रेवेन्यू ग्रोथ के अनुमान को 24% से घटाकर 20% CAGR कर दिया है।
बढ़ती लागतों का दबाव
ऑटो कंपोनेंट इंडस्ट्री इस वक्त कई चुनौतियों का सामना कर रही है, जिसमें कमोडिटी की बढ़ती कीमतें (जैसे स्टील, एल्युमीनियम, क्रूड ऑयल) और बढ़ता हुआ माल ढुलाई (freight) व लेबर कॉस्ट शामिल है। Uno Minda के मैनेजमेंट ने भी कन्फर्म किया है कि आने वाले जून क्वार्टर में इन 'खास' लागतों का असर दिखेगा।
FY27 गाइडेंस पर सवाल
चिंता की एक और बड़ी वजह यह रही कि कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 27 के लिए कोई खास रेवेन्यू गाइडेंस नहीं दिया, जो कि पहले के आउटलुक से अलग है। इसने निवेशकों की भविष्य की प्रॉफिटेबिलिटी को लेकर आशंकाएं बढ़ा दी हैं।
अलग-अलग ब्रोकरेज की राय
हालांकि, कुछ ब्रोकरेज हाउस अभी भी Uno Minda पर बुलिश हैं। Choice Broking ने EV (इलेक्ट्रिक व्हीकल) सेगमेंट में कंपनी के निवेश को देखते हुए 'Add' रेटिंग और ₹1,240 का टारगेट दिया है। Jefferies ने भी ₹1,350 के टारगेट के साथ कवरेज शुरू की है, जबकि Macquarie ने ₹1,380 का टारगेट दिया है।
वैल्यूएशन और भविष्य
Valuation की बात करें तो Uno Minda का P/E रेश्यो 50.68 से 65.98 के बीच है, जो सेक्टर के औसत 49.54 से ज्यादा है। इससे यह प्रीमियम वैल्यूएशन कमाई में नरमी आने पर और भी संवेदनशील हो जाता है। कंपनी का ROCE 19.22% ठीकठाक है, लेकिन लागत दबाव में इसे बनाए रखना एक चुनौती होगी। कंपनी ₹1,750 करोड़ के कैपेक्स की योजना बना रही है, जिसका असर भविष्य में दिखेगा।