Tesla की यूरोप में जुलाई की कार रजिस्ट्रेशन में मिली-जुली तस्वीर देखने को मिली है। जहाँ फ्रांस और डेनमार्क में कंपनी की बिक्री में ज़बरदस्त बढ़ोतरी हुई, वहीं नॉर्वे और स्वीडन जैसे नॉर्डिक देशों में इसमें भारी गिरावट दर्ज की गई। यह आंकड़े कंपनी के हालिया ग्लोबल डिलीवरी नंबर्स के बाद आए हैं, जो यूरोप में अलग-अलग देशों में मांग और स्थानीय सब्सिडी के असर को दर्शाते हैं।
यूरोप में Tesla की बिक्री में बड़ा अंतर
जुलाई में यूरोपीय इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) बाज़ार में Tesla का प्रदर्शन मिला-जुला रहा। रजिस्ट्रेशन के आंकड़े बताते हैं कि अलग-अलग देशों में मांग में बड़ा अंतर देखने को मिला। जहाँ कुछ बाज़ारों में कंपनी की बिक्री में ज़बरदस्त बढ़ोतरी हुई, वहीं कुछ में भारी गिरावट आई, जिससे इस क्षेत्र में कंपनी की हालिया तेज़ी पर असर पड़ा है।
अलग-अलग देशों के रुझान
स्थानीय ऑटोमोटिव एजेंसियों के ताज़ा आंकड़ों के अनुसार, ग्राहक की दिलचस्पी में बड़ा अंतर साफ नज़र आ रहा है। फ्रांस में, PFA ऑटोमोटिव बॉडी के मुताबिक़, Tesla के रजिस्ट्रेशन पिछले साल के इसी समय की तुलना में 86% बढ़ गए। इसी तरह, डेनमार्क के सांख्यिकी ब्यूरो, bilstatistik.dk, ने बताया कि नए Tesla रजिस्ट्रेशन में 52% की बढ़ोतरी हुई है। इन बाज़ारों में कंपनी की बिक्री बढ़ाने की कोशिशें कामयाब होती दिख रही हैं।
लेकिन, नॉर्डिक देशों की तस्वीर बिल्कुल अलग थी। नॉर्वे के OFV के आधिकारिक आंकड़े बताते हैं कि Tesla रजिस्ट्रेशन में 97% की भारी गिरावट आई, जबकि मोबिलिटी स्वीडन ने 60% की गिरावट दर्ज की। ऐतिहासिक रूप से, ये नॉर्डिक देश Tesla के सबसे मज़बूत बाज़ारों में से रहे हैं, जिसकी वजह EV को जल्दी अपनाना और सरकार की ओर से मिलने वाली मोटी सब्सिडी रही है। इन देशों में अचानक गिरावट अक्सर सब्सिडी योजनाओं में बदलाव, स्थानीय प्रतिस्पर्धा या बाज़ार में उपलब्ध नए EV मॉडलों की ओर ग्राहकों के झुकाव में बदलाव की ओर इशारा करती है।
बाज़ार का संदर्भ और आगे की निगरानी
जुलाई के ये आंकड़े यूरोप में बैटरी-इलेक्ट्रिक व्हीकल (BEV) सेक्टर में हुई व्यापक बढ़ोतरी के बाद आए हैं। जून के महीने में, यूरोपियन ऑटोमोबाइल मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन के अनुसार, इन वाहनों के रजिस्ट्रेशन में 51% की बढ़ोतरी हुई थी। इससे पहले, Tesla के ग्लोबल डिलीवरी नंबर्स ने बाज़ार की उम्मीदों को पार कर दिया था, जिसमें यूरोपीय बिक्री में आई तेज़ी का बड़ा योगदान था। हालाँकि, फ्रांस और डेनमार्क में बढ़ोतरी और नॉर्डिक देशों में भारी गिरावट के बीच का अंतर, अलग-अलग रेगुलेटरी और आर्थिक माहौल में लगातार तेज़ी बनाए रखने की चुनौती को दिखाता है।
निवेशक अब यूरोप के दो सबसे बड़े ऑटोमोटिव बाज़ारों, जर्मनी और ब्रिटेन, से आने वाले रजिस्ट्रेशन के आंकड़ों पर नज़र रखेंगे। इन देशों से मिलने वाली जानकारी से यह ज़्यादा साफ़ तस्वीर मिलेगी कि Tesla अपने यूरोपीय प्रतिस्पर्धियों की तुलना में कैसा प्रदर्शन कर रही है और क्या नॉर्डिक देशों में आई गिरावट एक अस्थायीThe story ends here as per the provided data. trend है या उन क्षेत्रों में मांग में कमी का संकेत है जहाँ EV का चलन पहले से ही बहुत ज़्यादा है।
