Maruti Suzuki: लॉजिस्टिक्स में रिकॉर्ड, 2025 में रेलवे से भेजे **5.85 लाख** वाहन!

AUTO
Whalesbook Logo
AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Maruti Suzuki: लॉजिस्टिक्स में रिकॉर्ड, 2025 में रेलवे से भेजे **5.85 लाख** वाहन!
Overview

Maruti Suzuki India ने 2025 में रेलवे के ज़रिए **5.85 लाख** गाड़ियों की रिकॉर्ड डिस्पैच (Dispatch) दर्ज की है। यह पिछले साल की तुलना में **18%** ज़्यादा है और कंपनी के ग्रीन लॉजिस्टिक्स (Green Logistics) की ओर बड़े कदम को दिखाता है।

Maruti Suzuki India ने अपने लॉजिस्टिक्स (Logistics) के क्षेत्र में एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है। साल 2025 में, कंपनी ने रेलवे के माध्यम से 5.85 लाख गाड़ियों की रिकॉर्ड डिस्पैच (Dispatch) की है। यह आंकड़ा पिछले साल (2024) की तुलना में 18% का ज़बरदस्त उछाल दर्शाता है।

इस उपलब्धि से कंपनी के पर्यावरण-हितैषी (Eco-friendly) लॉजिस्टिक्स की ओर मज़बूत झुकाव का पता चलता है। अब कंपनी की कुल आउटबाउंड डिस्पैच (Outbound Dispatch) का 26% हिस्सा रेलवे से जाता है, जो कि 2016 में केवल 5.1% था। यह दिखाता है कि कैसे Maruti Suzuki ने अपने परिचालन (Operations) को सस्टेनेबल (Sustainable) बनाने पर ज़ोर दिया है।

इस रिकॉर्ड-तोड़ प्रदर्शन के पीछे कंपनी के दो बड़े कदम हैं। पहला, कंपनी की मानेसर (Manesar) फैसिलिटी में भारत की सबसे बड़ी इन-प्लांट रेलवे साइडिंग (In-plant Railway Siding) का उद्घाटन। और दूसरा, दुनिया के सबसे ऊंचे चेनाब नदी रेलवे ब्रिज (Chenab River Railway Bridge) के ज़रिए कश्मीर घाटी तक गाड़ियों की पहली खेप भेजना। ये पहलें न केवल परिचालन को बेहतर बनाती हैं, बल्कि कार्बन उत्सर्जन (Carbon Emissions) को कम करने, सड़कों पर जाम घटाने और तेल के आयात (Oil Imports) पर निर्भरता कम करने में भी महत्वपूर्ण योगदान देती हैं।

कंपनी का लक्ष्य है कि FY 2030-31 तक रेलवे से होने वाली अपनी गाड़ियों की डिस्पैच को बढ़ाकर 35% तक पहुंचा दिया जाए। यह लक्ष्य भारत के 2070 तक नेट-ज़ीरो उत्सर्जन (Net-Zero Emissions) के महत्वाकांक्षी वादे के साथ जुड़ा हुआ है। FY 2014-15 से लेकर अब तक, Maruti Suzuki ने हब-एंड-स्पोक मॉडल (Hub-and-Spoke Model) का इस्तेमाल करते हुए 22 जगहों से 600 से ज़्यादा शहरों तक 28 लाख से ज़्यादा वाहन पहुंचाए हैं। फिलहाल, कंपनी 45 से ज़्यादा फ्लेक्सी-डेक रेक (Flexi-deck Rake) का संचालन कर रही है, जिनमें से हर रेक में करीब 260 गाड़ियां आ सकती हैं। इन सब के चलते, कंपनी भविष्य में रेलवे से ज़्यादा डिस्पैच के लिए पूरी तरह तैयार है।

Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.