Luxury Car Market: लग्जरी कारों की चमक फीकी, मास-मार्केट ब्रांड्स दे रहे तगड़ी चुनौती

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AuthorMehul Desai|Published at:
Luxury Car Market: लग्जरी कारों की चमक फीकी, मास-मार्केट ब्रांड्स दे रहे तगड़ी चुनौती

Mercedes-Benz और BMW जैसी दिग्गज कंपनियों के लिए भारतीय बाजार में मुकाबला सख्त हो गया है। साल 2026 की शुरुआत में लग्जरी सेगमेंट का मार्केट शेयर गिरकर **0.98%** रह गया है, जिसके चलते ये कंपनियां अब वॉल्यूम के बजाय हाई-वैल्यू सेल्स और इलेक्ट्रिक गाड़ियों पर दांव लगा रही हैं।

भारत के लग्जरी वाहन बाजार में एक बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। जहां दशकों से यूरोपीय मैन्युफैक्चरर्स का दबदबा रहा है, वहीं अब Toyota, Kia, MG और BYD जैसे मास-मार्केट ब्रांड्स भी संपन्न ग्राहकों को अपनी ओर खींच रहे हैं। साल 2025 में जहां लग्जरी ब्रांड्स का मार्केट शेयर 1.1% था, वहीं 2026 की पहली छमाही में यह गिरकर 0.98% पर आ गया है। वहीं, मास-मार्केट ब्रांड्स के प्रीमियम मॉडल्स ने 0.14% मार्केट शेयर पर कब्जा कर लिया है।

Mercedes-Benz का नया दांव

बढ़ते कॉम्पिटिशन के बीच Mercedes-Benz India ने वॉल्यूम के बजाय गाड़ियों की औसत कीमत (Average Selling Price) पर ध्यान केंद्रित करना शुरू किया है। कंपनी की रणनीति रंग ला रही है, जहां दो साल पहले औसत गाड़ी की कीमत ₹60 लाख थी, वह अब बढ़कर करीब ₹1 करोड़ हो गई है। कंपनी के अल्ट्रा-प्रीमियम पोर्टफोलियो ने 2026 की पहली छमाही में 20% की ग्रोथ दर्ज की है। अब कंपनी की कुल घरेलू बिक्री में इन हाई-एंड मॉडल्स की हिस्सेदारी 30% हो चुकी है।

BMW की इलेक्ट्रिक क्रांति

BMW India ने मास-मार्केट ब्रांड्स के दबाव से निपटने के लिए इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EVs) पर पूरा जोर दिया है। कंपनी की कुल बिक्री में EVs का योगदान बढ़कर 26% हो गया है, जो दो साल पहले महज 8% था। दिलचस्प बात यह है कि कंपनी के 40% खरीदार अब ऐसे लोग हैं जो मास-मार्केट से अपग्रेड होकर आ रहे हैं।

निवेशकों के लिए संकेत

निवेशकों के नजरिए से देखें तो बाजार का ट्रेंड 'मास-लग्जरी' से हटकर 'मार्जिन-फोकस्ड प्रीमियमाइजेशन' की ओर बढ़ गया है। कंपनियों के सामने चुनौती यह है कि अगर मास-मार्केट प्लेयर्स ₹1 करोड़ तक की रेंज में अपने प्रीमियम मॉडल लाते रहे, तो पुरानी लग्जरी ब्रांड्स की एक्सक्लूसिविटी पर दबाव बना रह सकता है। निवेशकों को यह ट्रैक करना चाहिए कि क्या अल्ट्रा-लग्जरी सेगमेंट की ग्रोथ गिरते मार्केट शेयर की भरपाई कर पाएगी या नहीं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.