Landmark Cars के शेयरधारकों के लिए खुशखबरी है! कंपनी ने पहली तिमाही (Q1) में अब तक का सबसे ज्यादा **₹1,733 करोड़** का रेवेन्यू दर्ज किया है, जो पिछले साल की इसी अवधि से **22.47%** ज्यादा है। नई कारों की बिक्री और आफ्टर-सेल्स सर्विस, दोनों से कंपनी ने शानदार ग्रोथ दिखाई है। ये तेजी ऐसे समय में आई है जब पिछले 12 महीनों में शेयर में **12%** की गिरावट देखी गई थी।
शेयर में आई 17% की जबरदस्त तेजी
मंगलवार को Landmark Cars का शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर 17.4% चढ़कर ₹496.70 के इंट्राडे हाई पर पहुंच गया। इस उछाल की वजह कंपनी द्वारा जून 30, 2026 को समाप्त तिमाही के लिए घोषित रिकॉर्ड बिक्री के आंकड़े हैं।
प्रोफॉर्मा रेवेन्यू में शानदार उछाल
कंपनी ने प्रोफॉर्मा कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू ₹1,733 करोड़ बताया है, जो पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 22.47% की बढ़ोतरी है। कंपनी लगातार तुलना सुनिश्चित करने के लिए इस प्रोफॉर्मा आंकड़े का उपयोग करती है। ऐसा इसलिए भी है क्योंकि Mercedes-Benz ने एजेंसी मॉडल अपनाया है, जिससे डीलर को बिक्री पर कमीशन मिलता है, न कि पूरी गाड़ी की कीमत रेवेन्यू के तौर पर दर्ज होती है।
गाड़ियों की बिक्री (जिसमें नई एजेंसी मॉडल और पुरानी कारें दोनों शामिल हैं) 24.15% बढ़कर ₹1,465 करोड़ रही। वहीं, आफ्टर-सेल्स बिजनेस (सर्विस और स्पेयर पार्ट्स) से ₹268 करोड़ का रेवेन्यू आया, जो पिछले साल के मुकाबले 14.04% ज्यादा है।
नई कारों के लॉन्च और सप्लाई में सुधार का असर
इस शानदार प्रदर्शन के पीछे कई कारण हैं। तिमाही के दौरान Mercedes-Benz CLA, MG Majestor और Renault Duster जैसे नए मॉडलों की डिलीवरी शुरू हुई। साथ ही, BYD गाड़ियों की सप्लाई में भी सुधार हुआ है, जो पहले एक बड़ी बाधा थी। कंपनी को उम्मीद है कि आने वाले महीनों में सप्लाई और बेहतर होगी, जिससे बिक्री वॉल्यूम बढ़ने की संभावना है।
Landmark Cars विभिन्न ब्रांडों के लिए अपनी वर्कशॉप क्षमता का भी विस्तार कर रही है, जो सर्विस और पार्ट्स से लॉन्ग-टर्म रेवेन्यू बढ़ाने की एक महत्वपूर्ण रणनीति है।
निवेशकों के लिए आगे क्या?
हालांकि, तिमाही के नतीजे काफी मजबूत हैं, निवेशकों को यह भी ध्यान रखना चाहिए कि पिछले एक साल में शेयर की कीमत में लगभग 12% की गिरावट आई थी। आज की तेजी एक आंशिक रिकवरी है। कंपनी ने अभी तक Q1 FY27 के ऑडिटेड वित्तीय नतीजों को मंजूरी देने के लिए बोर्ड मीटिंग की तारीख तय नहीं की है।
भविष्य में, निवेशकों के लिए मुख्य बात यह होगी कि कंपनी अपने सेल्स टारगेट्स को कैसे पूरा करती है, खासकर जब वह Mahindra, Honda, Kia और BYD जैसे पार्टनर्स से और भी गाड़ियां लॉन्च करेगी। इसके अलावा, जैसे-जैसे कंपनी अपनी वर्कशॉप का विस्तार कर रही है, आफ्टर-सेल्स सेगमेंट में मार्जिन की स्थिरता एक महत्वपूर्ण पहलू होगी जिस पर नजर रखनी होगी।
