Landmark Cars के निवेशकों के लिए मंगलवार का दिन धमाकेदार रहा। कंपनी द्वारा BYD और Mahindra & Mahindra के लिए नई डीलरशिप खोलने के ऐलान के बाद स्टॉक **12%** उछलकर **₹535.80** पर पहुंच गया है।
मंगलवार को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) पर Landmark Cars के शेयरों में जबरदस्त हलचल दिखी। कंपनी ने नोएडा में BYD शोरूम और कोलकाता में Mahindra & Mahindra का नया आउटलेट खोलने की घोषणा की, जिसके बाद स्टॉक 12% की तेजी के साथ ₹535.80 के स्तर पर बंद हुआ। इस दौरान वॉल्यूम में भी भारी उछाल दर्ज किया गया, जहां प्रमुख एक्सचेंजों पर 39 लाख से ज्यादा शेयरों का कारोबार हुआ।
नेटवर्क का विस्तार और रणनीति
कंपनी अपनी मौजूदगी को देश के बड़े शहरों में और मजबूत कर रही है। अब Landmark Cars का कुल नेटवर्क बढ़कर 143 आउटलेट्स तक पहुंच गया है। मल्टी-ब्रांड मॉडल को अपनाने के पीछे कंपनी का मुख्य मकसद एक ही कारमेकर पर निर्भरता कम करना है, ताकि किसी एक ब्रांड की बिक्री में सुस्ती आने पर भी बिजनेस पर ज्यादा असर न पड़े।
EV का बढ़ता दबदबा
कंपनी के बिजनेस में इलेक्ट्रिक वाहनों (EV) की भूमिका लगातार बढ़ रही है। फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में कंपनी की कुल नई कार बिक्री रेवेन्यू में EV का योगदान 30% रहा है। कंपनी नई कारों की बिक्री के साथ-साथ आफ्टर-सेल्स सर्विसेज, फाइनेंसिंग और पुरानी कारों (Pre-owned) के बिजनेस से भी स्टेबल इनकम कमा रही है।
क्या हैं रिस्क?
ऑटो रिटेल सेक्टर में काम करना कैपिटल-इंटेंसिव होता है और यहां प्रॉफिट मार्जिन काफी पतले होते हैं। कंपनी की ग्रोथ पूरी तरह से ब्रांड पार्टनर्स की सप्लाई चेन और प्रोडक्शन पर निर्भर है। अगर इकोनॉमी में सुस्ती के चलते मांग कम होती है, तो इन्वेंट्री की लागत बढ़ सकती है, जो कैश फ्लो पर दबाव डाल सकती है। इसके अलावा, पूरे देश में बड़े शोरूम नेटवर्क को बनाए रखने का ऑपरेशनल खर्च भी निवेशकों के लिए निगरानी का विषय बना हुआ है।
