Hyundai Motor India ने अपने इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) विस्तार का रोडमैप तैयार कर लिया है। कंपनी मौजूदा 1% की हिस्सेदारी से बढ़ाकर इसे FY28 तक 7-8% तक ले जाने की तैयारी में है।
EV सेक्टर में आक्रामक विस्तार
कंपनी ने अपनी रणनीति में बड़ा बदलाव करते हुए इलेक्ट्रिक व्हीकल सेगमेंट पर फोकस तेज कर दिया है। Hyundai का लक्ष्य है कि आने वाले सालों में उसके कुल प्रोडक्शन का 7-8% हिस्सा सिर्फ इलेक्ट्रिक गाड़ियों का हो। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए कंपनी अपनी लोकप्रिय Creta EV के उत्पादन को बढ़ाने और भारतीय बाजार के लिए एक नई 'कॉम्पैक्ट इलेक्ट्रिक SUV' उतारने की योजना बना रही है। यह कवायद कंपनी के उस बड़े लक्ष्य का हिस्सा है, जिसके तहत 2030 तक अपनी कुल बिक्री में 50% हिस्सेदारी ग्रीन पावरट्रेन (EV, हाइब्रिड और CNG) की रखना चाहती है।
फाइनेंशियल्स और चुनौतियां
जहां कंपनी ग्रीन भविष्य की ओर देख रही है, वहीं उसे मौजूदा आर्थिक दबावों का भी सामना करना पड़ रहा है। कच्चे माल (Raw material) की बढ़ती लागत को देखते हुए, कंपनी ने सितंबर 2026 से अपने वाहनों की कीमतों में 1% तक की बढ़ोतरी की है। Q1 FY27 के नतीजों में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹16,335 करोड़ रहा और EBITDA मार्जिन 9.3% दर्ज किया गया। वहीं, मैनेजमेंट ने पूरे फाइनेंशियल ईयर के लिए 8-10% वॉल्यूम ग्रोथ और 11-14% के EBITDA मार्जिन का गाइडेंस दिया है।
इंडस्ट्री के सामने चुनौतियां
ऑटो सेक्टर में फिलहाल सुस्ती का दौर है। कंपनी के लीडरशिप का अनुमान है कि वित्त वर्ष की दूसरी छमाही में इंडस्ट्री ग्रोथ घटकर 5-6% रह सकती है। इसके अलावा, वेस्ट एशिया में जारी तनाव के कारण शिपिंग वेसल्स की कमी से अगस्त 2026 में एक्सपोर्ट ऑपरेशंस पर भी असर पड़ा था। अब निवेशकों की नजर इस बात पर होगी कि कंपनी कैसे अपनी महत्वाकांक्षी EV ट्रांजिशन और बढ़ती लागत के बीच तालमेल बिठाती है।
