Hyundai Motor India के CEO तरुण गर्ग ने ऑटो पार्ट्स के **$1.4 बिलियन** के ट्रेड डेफिसिट पर चिंता जताई है। कंपनी के मुनाफे में गिरावट और बढ़ते खर्चों के बीच सितंबर **2026** से गाड़ियों की कीमतों में **1%** की बढ़ोतरी का ऐलान किया गया है।
हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग पर जोर
ऑटोमोटिव कंपोनेंट मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (ACMA) के हालिया सत्र में, CEO तरुण गर्ग ने इंडस्ट्री को आगाह किया है। उन्होंने बताया कि भारत को बेसिक मैन्युफैक्चरिंग से हटकर सेमीकंडक्टर चिप्स, पावर इलेक्ट्रॉनिक्स और EV बैटरी सेल्स जैसी हाई-वैल्यू टेक्नोलॉजी को स्थानीय स्तर पर विकसित करने की जरूरत है।
फाइनेंशियल नतीजों का दबाव
जुलाई 2026 में 75,360 यूनिट्स की रिकॉर्ड बिक्री के बावजूद, कंपनी के मुनाफे पर दबाव साफ दिख रहा है। फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में कंपनी का नेट प्रॉफिट घटकर ₹8,886 मिलियन रह गया है, जो पिछले साल की इसी तिमाही में ₹13,692 मिलियन था। ऑपरेटिंग मार्जिन भी सिकुड़कर 9.3% पर आ गया है, जिसका मुख्य कारण कमोडिटी महंगाई और ग्लोबल सप्लाई चेन में आ रही दिक्कतें हैं।
कीमतों में बढ़ोतरी और डिविडेंड
बढ़ते खर्चों की भरपाई के लिए कंपनी ने सितंबर 2026 से सभी मॉडल्स पर 1% तक की कीमत बढ़ाने का फैसला लिया है। इसके साथ ही, हालिया AGM में शेयरधारकों ने ₹21 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड को मंजूरी दी है। अब निवेशकों की नजर कंपनी के 26 नए मॉडल्स के पाइपलाइन और मार्जिन को स्थिर करने की रणनीति पर टिकी है।
