मार्जिन पर दबाव
कंपनी के मैनेजमेंट ने यह भी साफ किया है कि भले ही डिमांड स्थिर बनी हुई है, लेकिन मौजूदा बिज़नेस एनवायरनमेंट (Business Environment) में कुछ चुनौतियाँ हैं। एल्युमीनियम, स्टील, रबर और प्लास्टिक जैसे रॉ मटेरियल्स (Raw Materials) की कीमतों में उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है, जिसका सीधा असर प्रॉफिट (Profit) पर पड़ रहा है। जनवरी-मार्च क्वार्टर (January-March Quarter) में, प्रति व्हीकल मटेरियल कॉस्ट (Material Cost) में औसतन ₹2,100 की बढ़ोतरी हुई। कीमतों में लगभग 2% की बढ़ोतरी ने इन बढ़ती लागतों को केवल आंशिक रूप से ही पूरा किया है।
भविष्य की ग्रोथ के लिए स्ट्रैटेजिक निवेश
इन चुनौतियों के बावजूद, Hero MotoCorp अपने निवेश को बड़ाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है। कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2027 (FY27) के लिए ₹1,500 करोड़ से ज़्यादा के कैपिटल एक्सपेंडिचर (Capital Expenditure) की योजना बनाई है। इस फंड का इस्तेमाल इलेक्ट्रिक व्हीकल्स (EVs) और लोकप्रिय स्कूटर मॉडल्स की मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी (Manufacturing Capacity) को बढ़ाने के लिए किया जाएगा। इसके अलावा, यह निवेश EVs, प्रीमियम मोटरसाइकिल (Premium Motorcycles) और स्कूटर्स में नए प्रोडक्ट लॉन्च (New Product Launch) करने, कनेक्टेड व्हीकल सिस्टम (Connected Vehicle Systems), AI-संचालित ग्राहक उपकरण (AI-driven Customer Tools) और फ्लेक्स-फ्यूल टेक्नोलॉजी (Flex-fuel Technology) जैसे एडवांस्ड लो-एमिशन इंजन (Advanced Low-Emission Engines) में भी मदद करेगा।
इलेक्ट्रिक व्हीकल का विस्तार
इस स्ट्रैटेजिक निवेश का एक अहम हिस्सा आंध्र प्रदेश के श्री सिटी (Sri City) प्लांट में इलेक्ट्रिक दो-पहिया (Electric Two-Wheeler) मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी को दोगुना करना है। Hero MotoCorp अपने Vida ब्रांड के तहत कई नए इलेक्ट्रिक मॉडल्स पेश करने की तैयारी कर रही है, जो बाज़ार में अच्छी पकड़ बना रहा है। इसके अलावा, कंपनी ने अपनी Destiny स्कूटर की कैपेसिटी को 50% बढ़ाया है और अपने पेट्रोल स्कूटर, Zoom की प्रोडक्शन कैपेसिटी को भी दोगुना करेगी। FY26 में EV स्कूटर की बिक्री 2.5 गुना बढ़ी, जिसके पीछे मंथली मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी को 15,000 से बढ़ाकर 25,000 यूनिट्स करना बड़ा कारण रहा।
