डिमांड का डबल अटैक: ट्रक से डिफेंस तक, भारत फोर्ज में बंपर तेजी
Bharat Forge के शेयरों में पिछले कुछ समय से लगातार तेजी देखी जा रही है, जिसने इसे रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंचा दिया है। इस तूफानी तेजी के पीछे दो बड़े कारण हैं - एक तरफ North America में कमर्शियल वाहनों की डिमांड का जोरदार वापसी और दूसरी तरफ डिफेंस सेगमेंट में कंपनी का लगातार विस्तार। भारतीय बाजार में भी कमर्शियल व्हीकल (CV) की मांग अच्छी बनी हुई है, जो कंपनी के लिए एक मजबूत सहारा है।
North America में ट्रक डिमांड की बहार
इस तेजी का सबसे बड़ा ट्रिगर North America में क्लास 8 (Class 8) हैवी ट्रक की बिक्री में आई ज़बरदस्त उछाल है। शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, ट्रकों के नेट ऑर्डर्स में महीने-दर-महीने 47% और साल-दर-साल 159% का भारी इजाफा हुआ है, जो 47,200 यूनिट्स तक पहुंच गया। यह पिछले साढ़े तीन सालों का सबसे बड़ा आंकड़ा है। एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह सिर्फ टले हुए ऑर्डर्स का नतीजा नहीं, बल्कि बेहतर फ्रेट फंडामेंटल्स (Freight Fundamentals) की ओर इशारा करता है। अनुमान है कि ग्लोबल क्लास 8 ट्रक मार्केट 2026 में 87.54 बिलियन डॉलर से बढ़कर 2032 तक 116.86 बिलियन डॉलर का हो जाएगा, जिसमें 4.89% की एनुअल ग्रोथ (CAGR) देखने को मिल सकती है।
इंडिया में भी CV की मजबूत मांग
घरेलू बाजार में भी कमर्शियल व्हीकल (CV) सेक्टर अच्छी रफ्तार पकड़ रहा है। फरवरी 2026 में CV कंपनियों की बिक्री में 22% की शानदार ईयर-ऑन-ईयर ग्रोथ दर्ज की गई, जिसमें Tata Motors और Ashok Leyland जैसी कंपनियों का बड़ा योगदान रहा। ऊंचे फ्रेट रेट्स (Freight Rates) और बेहतर फ्लीट ऑपरेटर इकोनॉमिक्स (Fleet Operator Economics) के चलते रिप्लेसमेंट डिमांड (Replacement Demand) बनी हुई है। एनालिस्ट्स का अनुमान है कि इंडियन CV इंडस्ट्री फाइनेंशियल ईयर 26 में हाई सिंगल-डिजिट से लो डबल-डिजिट ग्रोथ बनाए रखेगी।
डिफेंस और ऑयल & गैस सेगमेंट बने गेम-चेंजर
कंपनी के लिए डिफेंस सेक्टर एक बड़ा लॉन्ग-टर्म ग्रोथ इंजन बनकर उभरा है। तीसरी तिमाही में कुल ऑर्डर्स का लगभग 77%, जो कि ₹2,390 करोड़ का था, डिफेंस सेगमेंट से आया है। दिसंबर 2025 तक डिफेंस ऑर्डर बुक ₹11,100 करोड़ की थी। कंपनी ड्रोन और अनमैन्ड सिस्टम्स (Unmanned Systems) जैसे क्षेत्रों में भी मौके तलाश रही है। भू-राजनीतिक तनाव के कारण दुनिया भर में डिफेंस पर खर्च बढ़ रहा है, जिससे भारत फोर्ज को नए अवसर मिल रहे हैं। कंपनी का अनुमान है कि फाइनेंशियल ईयर 27 में इस सेगमेंट में 30-40% की रेवेन्यू ग्रोथ देखने को मिल सकती है। वहीं, ऑयल एंड गैस (Oil & Gas) वर्टिकल में भी रिवाइवल की उम्मीद है, क्योंकि बढ़ते क्रूड ऑयल प्राइसेस शेल ड्रिलिंग (Shale Drilling) को फिर से इकोनॉमिकली वॉयबल बना रहे हैं।
वैल्यूएशन पर चिंता: क्या भाव हैं बहुत ज्यादा?
इतने दमदार ग्रोथ फैक्टर्स के बावजूद, भारत फोर्ज के शेयरों में आई ज़बरदस्त तेजी ने इसकी वैल्यूएशन (Valuation) को काफी प्रीमियम (Premium) कर दिया है। स्टॉक फिलहाल अपने पिछले बारह महीनों की कमाई (Trailing Twelve Months Earnings) के 79 गुना से भी ज्यादा पर ट्रेड कर रहा है, जो इंडस्ट्री एवरेज P/E (45.04) से काफी ऊपर है। इसकी तुलना में, Competitor Samvardhana Motherson 29-41 के P/E पर, जबकि Sona BLW Precision Forgings 49-53 के P/E मल्टीपल पर ट्रेड कर रहे हैं। हालांकि, Motherson और Sona BLW जैसी कंपनियां पैसेंजर व्हीकल ग्रोथ में नरमी जैसी चुनौतियों का सामना कर रही हैं, वहीं भारत फोर्ज के पास मजबूत डिमांड एनवायरनमेंट है। Motilal Oswal रिसर्च ने FY26-27 के लिए कमाई का अनुमान 8-10% बढ़ाया है, लेकिन यह भी कहा है कि ज्यादातर पॉजिटिव फैक्टर्स शायद पहले से ही स्टॉक प्राइस में शामिल हो चुके हैं।
आगे का रास्ता: क्या तेजी बनी रहेगी?
एनालिस्ट्स का मानना है कि Bharat Forge में अगले तीन सालों (FY25–28) में नेट प्रॉफिट 31% की दर से बढ़ सकता है। डिफेंस में मजबूत ऑर्डर बुक और ट्रक व CV की बढ़ती मांग भविष्य के लिए एक अच्छी नींव रखती है। हालांकि, मौजूदा शेयर प्राइस को बनाए रखने के लिए कंपनी को इन उम्मीदों पर खरा उतरना होगा और प्रीमियम वैल्यूएशन को सही ठहराना होगा। ब्रोकरेज हाउसेज ने स्टॉक पर 'स्ट्रॉन्ग बाय' (Strong Buy) रेटिंग दी है, और हाल ही में इसकी रेटिंग को 'होल्ड' से अपग्रेड भी किया गया है।