बजाज ऑटो के शेयर में आज **2.06%** की जोरदार उछाल देखी गई, जो **₹11,225** पर ट्रेड कर रहा है। यह तेजी कंपनी द्वारा जून तिमाही के शानदार नतीजे पेश करने के बाद आई है। कंपनी के रेवेन्यू में **65%** की और नेट प्रॉफिट में **44%** की बढ़ोतरी हुई है।
Detailed Coverage
तिमाही नतीजों का जलवा
गुरुवार को बजाज ऑटो के शेयर में अच्छी खासी तेजी देखने को मिली, जो ₹11,225.00 पर कारोबार कर रहा था। यह पिछले क्लोजिंग प्राइस से 2.06% ऊपर है। इस उछाल की मुख्य वजह जून 2026 को समाप्त हुई तिमाही के नतीजे हैं, जिसमें कंपनी ने रेवेन्यू और मुनाफे दोनों में दमदार ग्रोथ दर्ज की है।
शानदार फाइनेंशियल परफॉरमेंस
जून 2026 की तिमाही में, बजाज ऑटो का कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू ₹21,688.83 करोड़ रहा, जो पिछले साल की समान अवधि के ₹13,133.35 करोड़ की तुलना में 65.14% ज्यादा है। इसी दौरान, कंपनी का नेट प्रॉफिट 44.41% बढ़कर ₹3,192.18 करोड़ हो गया, जिससे प्रति शेयर आय (EPS) ₹115.50 दर्ज की गई। यह प्रदर्शन कंपनी के मल्टी-ईयर ग्रोथ ट्रेंड का हिस्सा है, जहां मार्च 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर में कंसॉलिडेटेड रेवेन्यू बढ़कर ₹62,905.00 करोड़ हो गया था।
बैलेंस शीट और कर्ज पर एक नज़र
लगातार बढ़ते मुनाफे के साथ, कंपनी की बैलेंस शीट में पूंजी प्रबंधन को लेकर कुछ बदलाव देखे गए हैं। मार्च 2026 तक, कंपनी की कुल संपत्ति ₹77,222 करोड़ तक पहुंच गई। निवेशकों के लिए एक महत्वपूर्ण पहलू है डेट-टू-इक्विटी रेश्यो, जो मार्च 2022 के 0.00 से बढ़कर मार्च 2026 में 0.57 हो गया है। इसका मतलब है कि कंपनी अपने ऑपरेशन और विस्तार के लिए पहले की तुलना में ज्यादा कर्ज का इस्तेमाल कर रही है। हालांकि, कंपनी का इंटरेस्ट कवरेज रेश्यो 13.04 है, जो दर्शाता है कि मौजूदा कर्ज पर ब्याज चुकाने के लिए उसके पास पर्याप्त ऑपरेटिंग कमाई है।
शेयरहोल्डर्स को रिटर्न और कॉर्पोरेट अपडेट्स
अपने फाइनेंशियल नतीजों के अलावा, बजाज ऑटो शेयरधारकों को रिटर्न देने की अपनी परंपरा जारी रखे हुए है। कंपनी ने मई 2026 में ₹150.00 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड घोषित किया है। यह उसी ट्रेंड का हिस्सा है, जिसमें 2025 में ₹210.00 और 2024 में ₹80.00 प्रति शेयर का भुगतान किया गया था। इसके अतिरिक्त, कंपनी ने हाल ही में अपने कर्मचारियों के लिए सातवीं बार स्टॉक ऑप्शन ग्रांट की घोषणा की है।
निवेशक इस बात पर नज़र रखेंगे कि कंपनी अपने ऑपरेशंस को बढ़ाते हुए मौजूदा प्रॉफिट मार्जिन बनाए रख पाती है या नहीं। आने वाली तिमाहियों में, बढ़ते कर्ज के स्तर को मैनेज करने की क्षमता, जबकि मार्च 2026 को समाप्त हुए साल के लिए ₹2,596 करोड़ के पॉजिटिव कैश फ्लो को जेनरेट करना जारी रखना, एक मुख्य फोकस रहेगा।
