इलेक्ट्रिक स्कूटर बनाने वाली कंपनी Ather Energy ने ₹2,500 करोड़ की फंडिंग जुटाई है। इस फंड का इस्तेमाल कंपनी अपने मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ाने, महाराष्ट्र में नया प्लांट लगाने और नए मास-मार्केट प्रोडक्ट्स को लॉन्च करने में करेगी।
Detailed Coverage
Ather Energy की ₹2,500 करोड़ की बड़ी फंडिंग!
भारत के इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर मार्केट में एक बड़ा प्लेयर, Ather Energy ने अपने बिजनेस को और तेज़ी से फैलाने के लिए ₹2,500 करोड़ जुटाए हैं। इस फंड रेजिंग में दो हिस्से शामिल हैं: ₹1,300 करोड़ QIP (Qualified Institutional Placement) के जरिए और ₹1,200 करोड़ मौजूदा निवेशकों से आए हैं। QIP में इंस्टीटूशनल बायर्स की ओर से ज़बरदस्त दिलचस्पी देखने को मिली, जहां कंपनी ने ₹1,202 प्रति शेयर के भाव पर शेयर अलॉट किए। इस कुल रकम का इस्तेमाल कंपनी अपनी मैन्युफैक्चरिंग क्षमता, रिसर्च और नए प्रोडक्ट्स को लॉन्च करने के लिए करेगी।
मैन्युफैक्चरिंग क्षमता का विस्तार और नए प्रोडक्ट्स
Ather Energy इस फंड का एक बड़ा हिस्सा अपनी इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स पर खर्च करने वाली है। इसमें महाराष्ट्र में 98 एकड़ का एक नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट शामिल है, जिस पर ₹2,000 करोड़ से ज़्यादा का निवेश किया जाएगा। इस प्लांट से पहले फेज में हर साल 5 लाख यूनिट्स की प्रोडक्शन कैपेसिटी बढ़ने की उम्मीद है। कंपनी का लक्ष्य है कि इस क्षमता का इस्तेमाल बढ़ती हुई इलेक्ट्रिक स्कूटर्स की डिमांड को पूरा किया जा सके। इसके अलावा, कंपनी मास-मार्केट सेगमेंट के लिए अपने नए प्रोडक्ट प्लेटफॉर्म को तेज़ी से बाज़ार में उतारने की तैयारी में है। R&D क्षमताओं को मज़बूत करना भी एक प्राथमिकता है, ताकि इस कॉम्पिटिटिव मार्केट में कंपनी अपने प्रोडक्ट्स को आगे रख सके।
वित्तीय स्थिति और कॉम्पिटिशन
कंपनी के लेटेस्ट फाइनेंशियल परफॉरमेंस में सुधार देखने को मिला है। मार्च में खत्म हुई तिमाही में, Ather Energy ने अपने नेट लॉस में 57.2% की कमी दर्ज की, जो कि ₹100.2 करोड़ रहा। वहीं, ऑपरेटिंग रेवेन्यू 73.7% बढ़कर ₹1,174.7 करोड़ हो गया। पिछले फाइनेंशियल ईयर में व्हीकल सेल्स में 66% की बढ़ोतरी ने रेवेन्यू ग्रोथ में बड़ा योगदान दिया, जिसका मुख्य कारण Rizta फैमिली स्कूटर की लोकप्रियता रही।
इस ग्रोथ के बावजूद, Ather एक बहुत ही कॉम्पिटिटिव सेक्टर में काम कर रही है। फिलहाल, यह भारत में रजिस्ट्रेशन के मामले में तीसरी सबसे बड़ी इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर मैन्युफैक्चरर है और सीधे तौर पर TVS Motor और Bajaj Auto जैसे स्थापित प्लेयर्स से मुकाबला कर रही है। हालांकि, कैपिटल इंफ्यूजन से Ather की बैलेंस शीट मज़बूत हुई है, लेकिन कंपनी को नए मैन्युफैक्चरिंग साइट को स्केल-अप करने में एग्जीक्यूशन रिस्क का सामना करना पड़ेगा। इन्वेस्टर्स इस बात पर नज़र रखेंगे कि कंपनी इस नए प्लांट को कितनी जल्दी चालू कर पाती है और क्या नए, कम कीमत वाले मॉडल्स प्रॉफिट मार्जिन पर ज़्यादा दबाव डाले बिना बड़ा मार्केट शेयर कैप्चर कर पाते हैं। महाराष्ट्र प्लांट की प्रगति और इंटेंस कंपटीशन के बीच सेल्स ग्रोथ को बनाए रखने की कंपनी की क्षमता भविष्य के लिए महत्वपूर्ण संकेतकों का काम करेगी।
