एग्री-टेक प्लेटफॉर्म Rize ने सीरीज B फंडिंग में **$31 मिलियन** की रकम जुटाई है, जिसमें **$20 मिलियन** इक्विटी और **$11 मिलियन** डेट शामिल है। इस फंड का इस्तेमाल वियतनाम और इंडोनेशिया में विस्तार, AI टूल डेवलपमेंट और कार्बन क्रेडिट पहलों को बढ़ावा देने के लिए किया जाएगा।
जानिए फंडिंग का पूरा गणित
सस्टेनेबल चावल की खेती पर फोकस करने वाली एग्री-टेक कंपनी Rize ने अपने एक नए सीरीज B फंडिंग राउंड में $31 मिलियन की बड़ी रकम हासिल की है। इस फाइनेंसिंग में $20 मिलियन इक्विटी के ज़रिए आए हैं, जिसका नेतृत्व BNP Paribas Asset Management Alts ने किया। इसके अलावा, UOB और BIDV जैसे फाइनेंशियल संस्थानों से $11 मिलियन का डेट भी मिला है। इस इक्विटी राउंड में The Rockefeller Foundation, Temasek और Breakthrough Energy Ventures जैसे बड़े ग्लोबल इन्वेस्टर्स भी शामिल रहे।
विस्तार और टेक्नोलॉजी पर फोकस
Rize इस पूंजी का इस्तेमाल दक्षिण पूर्व एशिया, खासकर वियतनाम और इंडोनेशिया में अपने ऑपरेशंस का विस्तार करने के लिए करेगी। कंपनी इस फंड को तीन मुख्य क्षेत्रों में लगाएगी:
- ट्रेसेबल, लो-एमिशन चावल का एक्सपोर्ट बढ़ाना।
- AI-संचालित टूल्स डेवलप करना जो फील्ड टीमों और किसानों के काम आएंगे।
- कार्बन क्रेडिट प्रोजेक्ट्स को आगे बढ़ाना।
कंपनी का लक्ष्य अपने सस्टेनेबल चावल पहलों के लिए गोल्ड स्टैंडर्ड सर्टिफिकेशन के करीब पहुंचना है और अगले पांच सालों में 10 लाख से ज़्यादा कार्बन क्रेडिट जेनरेट करने का अनुमान है।
सीरीज A राउंड के दो साल बाद, Rize ने अपने ऑपरेशनल स्केल में दस गुना वृद्धि दर्ज की है। वर्तमान में, यह 50,000 हेक्टेयर में फैले 17,000 छोटे किसानों के साथ काम कर रही है। भारत में स्थित अपनी टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट टीम के साथ, Rize कृषि उपज में सुधार और उन किसानों को मार्केट एक्सेस प्रदान करने के लिए डेटा एनालिटिक्स का उपयोग कर रही है, जिन्हें ऐतिहासिक रूप से फाइनेंसिंग और सप्लाई चेन की विश्वसनीयता के साथ चुनौतियों का सामना करना पड़ा है।
निवेशकों की नज़र और भविष्य की राह
निवेशकों के लिए, कैपिटल स्ट्रक्चर एक महत्वपूर्ण पहलू है; इक्विटी और डेट का यह मिश्रण दर्शाता है कि कंपनी विस्तार के लिए निवेशक पूंजी और पारंपरिक उधार दोनों का उपयोग कर रही है। Rize ने 2022 में अपनी शुरुआत के बाद से कुल $47 मिलियन जुटाए हैं। कंपनी सक्रिय रूप से यूरोप, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा और सिंगापुर सहित अंतरराष्ट्रीय बाजारों में लो-एमिशन चावल बेच रही है, जो स्थानीय बिक्री से परे एक डायवर्सिफाइड रेवेन्यू स्ट्रीम प्रदान करता है।
हालांकि कंपनी सस्टेनेबल फार्मिंग और कार्बन फाइनेंस को बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है, निवेशकों को ऐसे मॉडल में मौजूद एग्जीक्यूशन रिस्क पर नज़र रखनी चाहिए। इनमें छोटे किसानों के बीच टिकाऊ प्रथाओं को लगातार अपनाने की क्षमता, वैश्विक चावल की कीमतों में उतार-चढ़ाव और कार्बन क्रेडिट सर्टिफिकेशन और अंतरराष्ट्रीय खाद्य निर्यात से संबंधित नियामक वातावरण शामिल हैं। इस बिजनेस मॉडल की भविष्य की सफलता काफी हद तक कंपनी की उच्च उत्पादकता बनाए रखने की क्षमता पर निर्भर करेगी, साथ ही AI-संचालित टेक स्टैक से जुड़ी लागतों और विभिन्न भौगोलिक क्षेत्रों में हजारों छोटे पैमाने की फार्मिंग यूनिट्स को मैनेज करने की जटिलता को भी संभालेगी।
