Karnataka Drought: राज्य में सूखे का 75 साल का रिकॉर्ड टूटा, **90%** फसल बर्बाद, सरकार ने जारी किया राहत पैकेज

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
Karnataka Drought: राज्य में सूखे का 75 साल का रिकॉर्ड टूटा, **90%** फसल बर्बाद, सरकार ने जारी किया राहत पैकेज

कर्नाटक पिछले 75 सालों के सबसे भीषण सूखे की मार झेल रहा है। राज्य के 240 में से 217 तालुके प्रभावित हैं और **90%** फसल खराब हो चुकी है। हालात को देखते हुए सरकार ने **₹1,250 करोड़** का इमरजेंसी पैकेज जारी किया है।

कर्नाटक इस समय एक बड़े कृषि संकट से गुजर रहा है। राज्य सरकार ने आधिकारिक तौर पर 240 में से 217 तालुकों को सूखाग्रस्त घोषित कर दिया है। शुरुआती अनुमानों के मुताबिक, फसल उत्पादन में 90% का नुकसान हुआ है, जिससे राज्य को कुल ₹46,000 करोड़ से अधिक का आर्थिक नुकसान होने की आशंका है।

किसानों के लिए क्या कदम उठाए गए?

किसानों की तत्काल मदद के लिए सरकार ने अपने संसाधनों से एक राहत पैकेज शुरू किया है। इसके तहत 45 से 50 लाख प्रभावित किसानों को पहली किस्त के तौर पर ₹2,500 की सहायता दी जा रही है। यह कदम तब उठाया गया है जब राज्य सरकार नेशनल डिजास्टर रिस्पॉन्स फंड (NDRF) के तहत केंद्र से ₹7,142.64 करोड़ की मदद का इंतजार कर रही है। सरकार का उद्देश्य कृषि ऋणों (Agricultural Loans) में होने वाले डिफॉल्ट को रोकना है।

निवेशकों के लिए चेतावनी

इन्वेस्टर्स के नजरिए से देखें तो यह स्थिति बैंकिंग और कंजम्पशन सेक्टर के लिए चिंता का विषय है:

  • बैंकिंग सेक्टर: जिन बैंकों का रूरल एक्सपोजर अधिक है, उनके एसेट क्वालिटी पर दबाव बढ़ सकता है। सरकार ने बैंकों को निर्देश दिए हैं कि वे प्रभावित किसानों के लिए लोन रिकवरी को टालें और कर्ज को रिस्ट्रक्चर करें।
  • रूरल डिमांड: कृषि आय घटने से ग्रामीण इलाकों की क्रय शक्ति (Purchasing Power) कम होगी। इसका सीधा असर एफएमसीजी (FMCG), ट्रैक्टर और फर्टिलाइजर कंपनियों की बिक्री पर पड़ सकता है।
  • इन्फ्रास्ट्रक्चर: राज्य सरकार ने संकेत दिए हैं कि वह गैर-जरूरी इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स को फिलहाल टाल सकती है, ताकि राहत कार्यों और पानी की सप्लाई के लिए फंड जुटाया जा सके।

आने वाले महीनों में निवेशकों को उन कंपनियों के मैनेजमेंट कमेंट्री पर नजर रखनी चाहिए, जिनका कर्नाटक के ग्रामीण बाजार में बड़ा कामकाज है।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.