US डिफेंस सेक्रेटरी Pete Hegseth ने 'Project Meridian' का ऐलान किया है, जिसकी कमान Elon Musk और Anduril के फाउंडर Palmer Luckey के हाथों में होगी। **120 दिनों** का यह मिशन भविष्य की युद्ध नीतियों और AI-आधारित सैन्य तकनीक को नई दिशा देगा।
युद्ध की रणनीति में बदलाव
US डिफेंस सेक्रेटरी Pete Hegseth ने एक नई पहल 'Project Meridian' की शुरुआत की है, जिसका मुख्य मकसद अमेरिकी सैन्य तकनीक को भविष्य के लिए तैयार करना है। इस खास पैनल को 120 दिनों का समय दिया गया है, जिसके भीतर उन्हें एक विस्तृत रोडमैप तैयार करना होगा। इसी आधार पर पेंटागन आने वाले समय में एडवांस्ड और डुअल-यूज़ मिलिट्री सिस्टम्स की खरीद (procurement) तय करेगा।
ऑटोनॉमस वॉरफेयर पर दांव
यह प्रोजेक्ट नई बनी 'ऑटोनॉमस वॉरफेयर कमांड' के साथ मिलकर काम करेगा। निवेशकों के लिए यह एक बड़ा संकेत है कि डिफेंस सेक्टर अब पारंपरिक हार्डवेयर के बजाय ऑटोनॉमस ड्रोन, सैटेलाइट सिस्टम्स और AI-संचालित इंटेलिजेंस पर भारी खर्च करने वाला है।
विवाद और सवाल
मार्केट एक्सपर्ट्स की नजर इस बात पर है कि Elon Musk (SpaceX) और Palmer Luckey (Anduril Industries) का इस नीति-निर्माण में शामिल होना किस हद तक सही है। चूँकि दोनों की अपनी कंपनियां पहले से ही अमेरिकी सरकार के साथ बड़े डिफेंस कॉन्ट्रैक्ट्स पर काम कर रही हैं, इसलिए यह सवाल उठ रहे हैं कि आने वाले सरकारी टेंडर और प्रोक्योरमेंट मैंडेट्स कहीं उन्हीं की टेक्नोलॉजी को फायदा पहुंचाने वाले तो नहीं होंगे? हालांकि, पेंटागन का कहना है कि रक्षा क्षमताओं को तेजी से आधुनिक बनाने के लिए यह साझेदारी बेहद जरूरी है।
