सुरक्षा जरूरतों को देखते हुए ताइवान ने अपनी घरेलू ड्रोन मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देने के लिए **T$145.7 अरब** का भारी-भरकम बजट जारी किया है।
ताइवान सरकार ने अपने डिफेंस बजट में T$145.7 अरब (लगभग $4.59 बिलियन) की बड़ी बढ़ोतरी की है। राष्ट्रपति Lai Ching-te ने इस बजट का ऐलान करते हुए कहा कि इसका मुख्य लक्ष्य मानव रहित सैन्य प्रणालियों (Unmanned military systems) को तेजी से विकसित करना है। इसमें सर्विलांस यूनिट्स, अटैक ड्रोन और ऑटोनॉमस समुद्री पोत शामिल हैं। इस पूरे प्रोजेक्ट को रफ्तार देने के लिए Chiayi में एक नया प्रोडक्शन हब भी तैयार किया जा रहा है।\n\n### ऑटोनॉमस वॉरफेयर पर दांव\n\nइस नई रणनीति के तहत ताइवान ने 600 से ज्यादा कोस्टल सर्विलांस यूनिट्स, 40,000 कोस्टल अटैक ड्रोन और 100 से ज्यादा सुसाइड ड्रोन बोट्स बनाने का लक्ष्य रखा है। ताइवान अपनी सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग और प्रिसिजन इंजीनियरिंग की ताकत का इस्तेमाल करके एक मजबूत और लचीली सप्लाई चेन तैयार करना चाहता है।\n\n### निवेशकों के लिए क्या है संकेत?\n\nडिफेंस सेक्टर में इस बड़े निवेश से ग्लोबल स्तर पर 'ऑटोनॉमस वॉरफेयर' (Autonomous Warfare) के महत्व का पता चलता है। सेंसर, प्रोपल्शन सिस्टम और सेमीकंडक्टर कंपोनेंट्स बनाने वाली कंपनियों के लिए यह एक बड़ा अवसर हो सकता है। निवेशक अब इस बात पर नजर रखे हुए हैं कि ताइवान की यह पहल डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग के ग्लोबल लैंडस्केप को कैसे बदलती है और इससे जुड़ी सप्लाई चेन में किन कंपनियों को फायदा मिलता है।
