इंडोनेशिया ने अपना नया एयरक्राफ्ट कैरियर KRI Gajah Mada शामिल किया है। हालांकि, **41 साल** पुराने इस इटालियन युद्धपोत के रखरखाव पर होने वाले भारी खर्च को लेकर सरकार पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
इंडोनेशिया ने आधिकारिक तौर पर पूर्व इतालवी एयरक्राफ्ट कैरियर, ITS Giuseppe Garibaldi को प्राप्त कर लिया है, जिसे अब KRI Gajah Mada के नाम से जाना जाएगा। राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो इस युद्धपोत को आपदा प्रबंधन और समुद्री सुरक्षा के लिए एक मोबाइल कमांड हब के रूप में इस्तेमाल करना चाहते हैं।
बजट पर गहराता संकट
हालांकि वित्त मंत्रालय ने शुरुआत में इस प्रोग्राम के लिए $450 मिलियन के बजट को मंजूरी दी थी, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि रेट्रोफिटिंग और लॉन्ग-टर्म मेंटेनेंस का कुल खर्च 16 ट्रिलियन रुपिया तक पहुंच सकता है। इस अनिश्चितता ने अर्थशास्त्रियों की चिंता बढ़ा दी है, क्योंकि सरकार को साथ ही साथ राष्ट्रीय पोषण जैसी प्रमुख सामाजिक योजनाओं और अन्य रक्षा जरूरतों के लिए भी फंड जुटाना है।
पुराना जहाज, बड़ी चुनौतियां
इस युद्धपोत की उम्र 41 साल है, जिसके कारण इसे चालू रखने के लिए बड़े स्तर पर मेंटेनेंस की जरूरत होगी। रक्षा विशेषज्ञों ने थाईलैंड के HTMS Chakri Naruebet का उदाहरण देते हुए चेतावनी दी है कि पुराने जहाजों के मेंटेनेंस पर भारी संसाधन खर्च होते हैं, जो नए फ्रिगेट या सबमरीन बनाने के बजट को प्रभावित कर सकते हैं। अब सबकी नजरें अगले हफ्ते होने वाले औपचारिक कमीशनिंग समारोह और सरकार की आगे की वित्तीय रणनीति पर टिकी हैं।
