Ethereal Exploration Guild ने आंध्र प्रदेश में अपना नया मैन्युफैक्चरिंग और टेस्टिंग हब 'The Anchorage' शुरू कर दिया है। यह **150 एकड़** में फैला परिसर कंपनी के री-यूजेबल रॉकेट 'Razor Crest Mk 1' के विकास को नई रफ्तार देगा।
स्पेस सेक्टर की दिग्गज कंपनी Ethereal Exploration Guild ने श्रीहरिकोटा के सतीश धवन स्पेस सेंटर से करीब 40 किलोमीटर दूर अपना नया अत्याधुनिक एयरोस्पेस सेंटर 'The Anchorage' लॉन्च किया है। यह 150 एकड़ का विशाल परिसर 'Razor Crest Mk 1' रॉकेट के पूरे लाइफसाइकिल यानी मैन्युफैक्चरिंग से लेकर टेस्टिंग और रिफर्बिशमेंट तक को एक ही छत के नीचे ले आएगा।
ऑपरेशन्स पर कंपनी का फोकस
कंपनी का पूरा जोर अपनी री-यूजेबल रॉकेट तकनीक को निखारने पर है। यह फैसिलिटी टैंक फैब्रिकेशन, प्रिसिजन मशीनिंग और एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग जैसी आधुनिक तकनीकों से लैस है। इन्वेस्टर्स के लिए यह एक संकेत है कि कंपनी अब रिसर्च फेज से निकलकर सीधे हार्डवेयर प्रोडक्शन और कमर्शियल रेडीनेस की तरफ बढ़ रही है।
नवंबर टेस्ट पर टिकीं नजरें
इस हब का मुख्य आकर्षण 'Pegasus' और 'Stallion' इंजन हैं। कंपनी ने जानकारी दी है कि Pegasus इंजन का हॉट-फायर टेस्टिंग नवंबर 2026 में किया जाएगा, जिसमें 210 बार तक का प्रेशर टेस्ट किया जाएगा।
रिस्क और चुनौतियां
हालांकि यह प्रोजेक्ट भविष्य के लिए बड़ा गेम चेंजर हो सकता है, लेकिन इसमें भारी कैपिटल एक्सपेंडिचर और इंजीनियरिंग की जटिलताएं शामिल हैं। निवेशकों को इस बात पर नजर रखनी होगी कि कंपनी इस भारी-भरकम खर्च को कैसे मैनेज करती है और क्या वे अपनी टाइमलाइन पर कायम रह पाते हैं। कुल मिलाकर, नवंबर में होने वाले इंजन टेस्ट के नतीजे कंपनी के फ्यूचर मोमेंटम को तय करेंगे।
