Apollo Micro Systems ने सितंबर 2026 तिमाही के लिए शानदार नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का रेवेन्यू **72%** बढ़कर **₹388 करोड़** हो गया है, जबकि नेट प्रॉफिट में **54%** की बढ़त दर्ज की गई है।
हैदराबाद स्थित Apollo Micro Systems ने फाइनेंशियल ईयर 2026-27 की दूसरी तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का नेट प्रॉफिट 54% बढ़कर ₹46 करोड़ हो गया है, जो पिछले साल इसी अवधि में ₹30 करोड़ था। रेवेन्यू के मोर्चे पर भी कंपनी ने जोरदार रफ्तार दिखाई है और यह 72% बढ़कर ₹388 करोड़ पहुंच गया है, जो एक साल पहले ₹225 करोड़ था। इन नतीजों का असर स्टॉक पर भी दिखा और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर शेयर 10% के उछाल के साथ कारोबार करता नजर आया।
मार्जिन और ऑर्डर बुक का दम
कंपनी की ऑपरेशनल एफिशिएंसी में भी बड़ा सुधार आया है। EBITDA 88% की छलांग के साथ ₹111 करोड़ पर पहुंच गया है, और कंपनी के मार्जिन भी 26.3% से बढ़कर 28.6% हो गए हैं। कंपनी के पास इस समय अब तक की सबसे बड़ी ऑर्डर बुक है, जो ₹1,765 करोड़ की है। यह मजबूत बैकलाग आने वाली तिमाहियों के लिए कंपनी को बेहतर रेवेन्यू विजिबिलिटी दे रहा है।
क्या हैं चुनौतियां?
नतीजे तो अच्छे हैं, लेकिन डिफेंस इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में काम करने के कारण कंपनी को कुछ रिस्क का भी सामना करना पड़ता है। सरकार की पॉलिसी में बदलाव या डिफेंस बजट में देरी का असर सीधे रेवेन्यू पर पड़ सकता है। इसके अलावा, इस बिजनेस में काम पूरा होने और पेमेंट मिलने के बीच एक लंबा गैप होता है, जो वर्किंग कैपिटल पर दबाव बनाता है। साथ ही, बड़े और मजबूत प्लेयर्स के बीच तगड़ा कंपटीशन भी मार्जिन पर लॉन्ग टर्म में दबाव डाल सकता है।
निवेशकों के लिए अब सबसे महत्वपूर्ण यह देखना होगा कि कंपनी कितनी तेजी से अपने ₹1,765 करोड़ के ऑर्डर को पूरा करती है और अपने वर्किंग कैपिटल को कैसे मैनेज करती है।
