TAG 2026 के तहत रेलवे ने टाइमटेबल में बड़ा बदलाव
भारतीय रेलवे ने TAG 2026 के नाम से टाइमटेबल में एक महत्वपूर्ण संशोधन किया है, जिसके तहत देशभर में 122 नई ट्रेन सेवाएं शुरू की गई हैं और 549 मौजूदा सेवाओं को तेज किया गया है। इस रणनीतिक कदम का उद्देश्य यात्रा के समय को काफी कम करना, समय की पाबंदी में सुधार करना और यात्रियों तथा मालगाड़ियों के लिए समग्र परिचालन दक्षता को बढ़ाना है।
सेवाओं का विस्तार
इस विस्तार में 122 ट्रेनों का महत्वपूर्ण इजाफा शामिल है, जिनमें मेल/एक्सप्रेस सेवाएं सबसे बड़ा हिस्सा हैं, जो 60 हैं। विशेष रूप से, 28 वंदे भारत ट्रेनों को सेमी-हाई-स्पीड कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने के लिए एकीकृत किया गया है। नए बेड़े में 26 अमृत भारत ट्रेनें भी शामिल हैं, साथ ही दो राजधानी, दो जन शताब्दी, दो हमसफर और दो नमो भारत रैपिड रेल सेवाएं जैसी विशेष नई ट्रेनें भी हैं। कुछ नई सेवाएं TAG-TOD (टाइम ऑन डिमांड) फ्रेमवर्क के तहत आती हैं।
नेटवर्क में गति वृद्धि
500 से अधिक सेवाओं की समय-सारणी तेज की गई है। विशेष रूप से, 376 ट्रेनें अब अपनी यात्रा 5–15 मिनट पहले पूरी करेंगी, जबकि 105 ट्रेनों को 16–30 मिनट तक तेज किया जाएगा। 48 ट्रेनों के समूह की यात्रा का समय 31–59 मिनट तक कम हो जाएगा, और 20 ट्रेनों को उनकी पिछली समय-सारणी से 60 मिनट या उससे अधिक पहले पहुंचने के लिए निर्धारित किया गया है, जिससे लंबी दूरी के मार्गों पर समय की महत्वपूर्ण बचत होगी।
क्षेत्रीय फोकस और प्रदर्शन
ये बदलाव एक समान नहीं हैं, कुछ विशेष क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर सुधार हुए हैं। दक्षिण पश्चिम रेलवे 117 सेवाओं को तेज करके और आठ नई ट्रेनें जोड़कर सबसे आगे है। उत्तर पश्चिम रेलवे ने 12 नई ट्रेनें जोड़ीं और 89 सेवाओं को तेज किया। पश्चिम रेलवे ने 10 नई सेवाएं शुरू कीं और 80 ट्रेनों की गति में सुधार किया। पूर्व मध्य रेलवे में भी 20 नई ट्रेनें और 20 विस्तार के साथ महत्वपूर्ण विस्तार देखा गया। ये क्षेत्रीय सुधार नेटवर्क प्रदर्शन और यात्री अनुभव को अनुकूलित करने के लिए एक लक्षित दृष्टिकोण को दर्शाते हैं।