NHAI ने Innovision Ltd पर कड़ा रुख अपनाते हुए **₹1.60 करोड़** की परफॉर्मेंस सिक्योरिटी जब्त कर ली है। यह कार्रवाई कंपनी द्वारा टोल कलेक्शन में अनियमितताओं के बाद फॉरेन्सिक ऑडिट रिपोर्ट के आधार पर की गई है।
मामला क्या है?
NHAI ने 10 सितंबर 2026 को जारी आदेश में Innovision Ltd पर बड़ी कार्रवाई की है। मामला शिलॉन्ग बाईपास स्थित Diengpasoh टोल प्लाजा से जुड़ा है, जहाँ कंपनी यूजर फीस कलेक्शन का काम देखती है। Deloitte Touche Tohmatsu India Ltd द्वारा किए गए फॉरेन्सिक ऑडिट में 3 सितंबर 2022 को 8 FASTag ट्रांजैक्शंस के दौरान टोल की अतिरिक्त वसूली का खुलासा हुआ था।
कंपनी और NHAI का रुख
NHAI ने साफ कर दिया है कि अगर गुवाहाटी रीजनल ऑफिस से पैसे नहीं मिलते हैं, तो वे कंपनी के अन्य चालू कॉन्ट्रैक्ट्स या बैंक गारंटी से यह राशि वसूल करेंगे। वहीं, कंपनी ने इस फैसले को चुनौती देने के लिए कोर्ट में 'रिट पिटीशन' (Writ Petition) दायर करने का मन बना लिया है ताकि वे इस जुर्माने से राहत पा सकें।
निवेशकों के लिए क्या है रिस्क?
यह घटना कंपनी की वर्किंग कैपिटल और सरकारी कॉन्ट्रैक्ट्स पर असर डाल सकती है। कानूनी लड़ाई के चलते कंपनी के सरकारी काम-काज को लेकर अनिश्चितता बढ़ गई है। निवेशकों को आने वाले समय में कोर्ट के फैसलों और अन्य प्रोजेक्ट्स पर इसके असर पर बारीक नजर रखनी होगी।
