Great Eastern Shipping Company ने सितंबर **2026** में ओपन मार्केट से खरीदे गए **18.58 लाख** इक्विटी शेयरों को आधिकारिक तौर पर रद्द (Extinguish) कर दिया है। इस कदम के बाद कंपनी की पेड-अप शेयर कैपिटल **14.27 करोड़** से घटकर **14.09 करोड़** शेयर रह गई है, जिससे मौजूदा निवेशकों का मुनाफा प्रति शेयर (EPS) बढ़ने की उम्मीद है।
शेयरों के रद्दीकरण से क्या होगा असर?
शेयरों का एक्सटिंग्विशमेंट (Extinguishment) बायबैक प्रक्रिया का आखिरी और सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है। इससे बाजार में कुल शेयरों की संख्या कम हो जाती है, जिससे कंपनी की इक्विटी बेस में मौजूदा शेयरधारकों की हिस्सेदारी बढ़ जाती है। यह कदम मैनेजमेंट के भरोसे और कंपनी की मजबूत कैश फ्लो स्थिति का संकेत माना जाता है।
नियमों का पालन और वेरिफिकेशन
कंपनी ने इस पूरी प्रक्रिया को SEBI (बाय-बैक ऑफ सिक्योरिटीज) रेगुलेशन, 2018 के नियमों के दायरे में रहकर पूरा किया है। नेशनल सिक्योरिटीज डिपॉजिटरी लिमिटेड (NSDL) से 13 अक्टूबर 2026 को मिले डेबिट कंफर्मेशन के बाद यह पुष्टि की गई। इस प्रक्रिया में सेक्रेटेरियल ऑडिटर्स के तौर पर M/S Mehta & Mehta और रजिस्ट्रार के रूप में KFin Technologies Limited ने पूरी पारदर्शिता के साथ काम किया।
अब क्या बदलेगा?
रद्द करने की प्रक्रिया के बाद अब कंपनी की पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल ₹1,40,90,82,200 हो गई है, जिसमें कुल 14,09,08,220 शेयर शामिल हैं। आने वाली तिमाही रिपोर्ट में निवेशकों को इसका असर Earnings Per Share (EPS) के आंकड़ों में देखने को मिलेगा, क्योंकि अब कंपनी का मुनाफा कम शेयरों के बीच बांटा जाएगा।
आगे क्या ट्रैक करें?
निवेशकों को अब कंपनी के आगामी डिविडेंड और नतीजों पर नजर रखनी चाहिए, ताकि यह समझ सकें कि शेयरों की संख्या कम होने का सीधा लाभ उनकी जेब तक कैसे पहुंच रहा है।
